वियतनाम में फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों को पत्नी ब्रिजिट ने मारा थप्पड़? वायरल वीडियो पर सफाई में बोले- ‘बस एक मज़ाक था’

Updated on 2025-05-27T10:36:30+05:30

वियतनाम में फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों को पत्नी ब्रिजिट ने मारा थप्पड़? वायरल वीडियो पर सफाई में बोले- ‘बस एक मज़ाक था’

वियतनाम में फ्रांस के राष्ट्रपति मैक्रों को पत्नी ब्रिजिट ने मारा थप्पड़? वायरल वीडियो पर सफाई में बोले- ‘बस एक मज़ाक था’

 

फ्रांस के राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों और उनकी पत्नी ब्रिजिट मैक्रों इन दिनों एक वायरल वीडियो को लेकर चर्चा में हैं। वीडियो में देखा गया कि वियतनाम में विमान से उतरने से पहले ब्रिजिट अपने पति के चेहरे को धक्का देती हैं, जिसे कई लोगों ने थप्पड़ की तरह देखा। शुरुआत में राष्ट्रपति कार्यालय ने इस वीडियो को फर्जी बताया, लेकिन बाद में सफाई दी कि यह बस एक हल्के-फुल्के मज़ाक का हिस्सा था।

 

राष्ट्रपति के एक करीबी सहयोगी ने कहा, “यह दोनों के बीच मजाक का एक क्षण था, यात्रा शुरू होने से पहले थोड़ा हल्का होने का तरीका था। इसे कुछ और समझने की जरूरत नहीं है।” उन्होंने आगे कहा कि इस वीडियो को बढ़ा-चढ़ाकर पेश करने के पीछे रूसी समर्थक सोशल मीडिया अकाउंट्स का हाथ है।

 

वायरल वीडियो एसोसिएटेड प्रेस द्वारा हनोई एयरपोर्ट पर शूट किया गया था। इसमें देखा गया कि जैसे ही विमान का दरवाजा खुलता है, ब्रिजिट मैक्रों का हाथ बाहर आता है, और वह दोनों हाथों से राष्ट्रपति मैक्रों के चेहरे को हल्का सा धक्का देती हैं। राष्ट्रपति थोड़े चौंकते हैं, लेकिन तुरंत खुद को संभालते हैं और हाथ हिलाकर स्वागत करते हैं। हालांकि, वीडियो में ब्रिजिट का चेहरा नहीं दिखता, जिससे उनकी भाव-भंगिमा साफ नहीं हो पाती।

 

इसके बाद दोनों विमान की सीढ़ियों से नीचे उतरते हैं जहां वियतनामी अधिकारियों ने उनका स्वागत किया, लेकिन ब्रिजिट ने अपने पति का हाथ थामने से इनकार कर दिया।

 

यह घटना ऐसे समय सामने आई है जब मैक्रों पहले से ही कई अफवाहों और फेक न्यूज़ का सामना कर रहे हैं। कुछ दिन पहले क्रेमलिन समर्थित अकाउंट्स ने एक और अफवाह फैलाई थी कि मैक्रों कीव की ट्रेन यात्रा के दौरान ड्रग्स ले रहे थे। इस दावे को फ्रांस के राष्ट्रपति कार्यालय ने साफ तौर पर ‘झूठ’ करार दिया था।

 

कुल मिलाकर, यह वीडियो एक निजी पल का हिस्सा था जिसे गलत संदर्भ में सोशल मीडिया पर पेश किया गया। फ्रांसीसी राष्ट्रपति कार्यालय ने इसे किसी भी साजिश से जोड़ने को पूरी तरह निराधार बताया है।