GST 2.0: सिगरेट और लग्जरी सामान पर बढ़ेगा खर्च, अब इन चीज़ों के लिए जेब से जाएंगे ज्यादा पैसे

Updated on 2025-09-04T11:35:02+05:30

GST 2.0: सिगरेट और लग्जरी सामान पर बढ़ेगा खर्च, अब इन चीज़ों के लिए जेब से जाएंगे ज्यादा पैसे

GST 2.0: सिगरेट और लग्जरी सामान पर बढ़ेगा खर्च, अब इन चीज़ों के लिए जेब से जाएंगे ज्यादा पैसे

GST on Sin Goods: वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार रात "नेक्स्ट जेनरेशन जीएसटी रिफॉर्म्स" का ऐलान किया। इससे आम लोगों को राहत मिलेगी, लेकिन पान मसाला, सिगरेट और गुटखा जैसे उत्पादों पर खर्च बढ़ जाएगा।

नया टैक्स ढांचा

जीएसटी 2.0 के तहत अब सिर्फ दो स्लैब होंगे – 5% और 18%। वहीं, लग्जरी सामान और हानिकारक चीज़ों (सिन गुड्स) पर 40% टैक्स लगाया जाएगा। इसमें सिगरेट, तंबाकू, गुटखा, पान मसाला, लग्जरी कार, शुगर बेवरेजेस और फास्ट फूड शामिल हैं।

कंपनसेशन सेस खत्म

पहले लग्जरी और सिन गुड्स पर अलग से कंपनसेशन सेस वसूला जाता था ताकि राज्यों को जीएसटी से हुए नुकसान की भरपाई हो सके। इसे 2017 में लागू किया गया था और बाद में कोविड-19 की वजह से 2026 तक बढ़ा दिया गया। अब सरकार ने इसे खत्म कर सीधे जीएसटी में शामिल कर दिया है।

असर आपकी जेब पर

अब पान मसाला, सिगरेट, गुटखा और तंबाकू जैसे प्रोडक्ट्स पर 40% टैक्स सीधे उनकी खुदरा कीमत पर लगेगा। मतलब, अगर कोई सिगरेट पैकेट पहले 256 रुपये में मिलता था, तो अब इसकी कीमत बढ़कर लगभग 280 रुपये हो जाएगी। यानी हर पैक पर 24 रुपये ज्यादा खर्च होंगे।

40% टैक्स वाले सामान

पान मसाला

सिगरेट

गुटखा

चबाने वाला और कच्चा तंबाकू

तंबाकू अपशिष्ट (पत्तियों को छोड़कर)

सिगार और चुरूट

कार्बोनेटेड शुगर पेय और सोडा

फलों के रस वाले पेय

कैफीन युक्त पेय

ऑनलाइन गेमिंग और जुआ