हरियाणा सरकार ने आयुष्मान अस्पतालों को 2900 करोड़ दिए, पहले आओ-पहले पाओ से निपटान तेज़
हरियाणा सरकार ने आयुष्मान अस्पतालों को 2900 करोड़ दिए, पहले आओ-पहले पाओ से निपटान तेज़
आयुष्मान भारत योजना के तहत इलाज कर रहे निजी अस्पतालों द्वारा हड़ताल पर जाने की चेतावनी के बीच हरियाणा सरकार ने बड़ी राहत दी है। सरकार ने 4 अगस्त को बजट जारी कर पहले आओ–पहले पाओ (FAFCFS) व्यवस्था के तहत अब तक 2900 करोड़ रुपये का भुगतान कर दिया है। इस प्रक्रिया से योजना में शामिल अस्पतालों को लंबित राशि मिलने लगी है और सेवाओं की बहाली की स्थिति बन रही है।
राज्य सरकार के मुताबिक, 50 डॉक्टरों की एक टीम द्वारा प्रतिदिन निजी अस्पतालों से आए दावों की ऑनलाइन समीक्षा की जाती है। सभी महत्वपूर्ण दावों की त्वरित प्रक्रिया के लिए मेडिकल अधिकारी और अन्य सहयोगी विभागों की संयुक्त जिम्मेदारी तय की गई है। भुगतान केवल उन्हीं दावों का किया जा रहा है, जो ई-रूप में प्रमाणित और मानक पोर्टल पर दर्ज हैं।
सरकार ने बताया कि जुलाई 2025 तक का बजट विभाग को मिल चुका है और 2025–26 के लिए भी 2400 करोड़ से अधिक राशि आवंटित की जा चुकी है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि पहले की तुलना में अब दावों का निपटान कहीं अधिक तेज़ी से हो रहा है, जिससे अस्पतालों में सैलरी, बिजली बिल और अन्य संचालन संबंधी खर्चों के लिए राहत मिली है।
हरियाणा आयुष्मान योजना में IMF प्रतिनिधित्व सुनिश्चित करने वाला देश का पहला राज्य बन गया है और अब अस्पतालों के साथ समन्वय बढ़ाकर विवाद और देरी को कम करने की दिशा में ठोस प्रयास किए जा रहे हैं।