हाईकोर्ट का फैसला: 73 हजार सैलरी पाने वाली सॉफ्टवेयर इंजीनियर पत्नी को नहीं मिलेगा गुजारा भत्ता

Updated on 2025-09-01T15:47:38+05:30

हाईकोर्ट का फैसला: 73 हजार सैलरी पाने वाली सॉफ्टवेयर इंजीनियर पत्नी को नहीं मिलेगा गुजारा भत्ता

हाईकोर्ट का फैसला: 73 हजार सैलरी पाने वाली सॉफ्टवेयर इंजीनियर पत्नी को नहीं मिलेगा गुजारा भत्ता

 

लखनऊ हाईकोर्ट ने गुजारा भत्ते से जुड़ा एक अहम फैसला सुनाया है। एक सॉफ्टवेयर इंजीनियर पत्नी, जिसकी मासिक आय 73 हजार रुपये है, ने अपने पति से गुजारा भत्ता मांगा था। लेकिन कोर्ट ने यह कहते हुए याचिका खारिज कर दी कि जब महिला खुद अच्छी आय अर्जित कर रही है तो वह पति पर गुजारा भत्ते के लिए निर्भर नहीं हो सकती।

मामले में महिला ने दलील दी थी कि अलग रहने के बाद भी उसे आर्थिक सहायता की जरूरत है। वहीं पति ने कहा कि पत्नी अच्छी-खासी नौकरी कर रही है और आत्मनिर्भर है। कोर्ट ने सुनवाई के दौरान माना कि पत्नी की नियमित और पर्याप्त आय है, इसलिए गुजारा भत्ते की मांग उचित नहीं है।

हाईकोर्ट के इस फैसले को ऐसे मामलों के लिए मिसाल माना जा रहा है, जहां आर्थिक रूप से सक्षम जीवनसाथी गुजारा भत्ता मांगते हैं। अदालत ने स्पष्ट किया कि गुजारा भत्ता केवल उसी स्थिति में दिया जा सकता है जब पत्नी या पति खुद को आर्थिक रूप से संभालने में सक्षम न हो।

यह फैसला एक बार फिर दर्शाता है कि गुजारा भत्ते से जुड़े मामलों में अदालत आर्थिक स्थिति और आत्मनिर्भरता को प्रमुख आधार मानती है।