दिल्ली प्रदूषण पर बड़ा एक्शन, IIT करेगा रियल-टाइम स्टडी

Updated on 2026-04-23T13:50:15+05:30

दिल्ली प्रदूषण पर बड़ा एक्शन, IIT करेगा रियल-टाइम स्टडी

दिल्ली प्रदूषण पर बड़ा एक्शन, IIT करेगा रियल-टाइम स्टडी

दिल्ली में बढ़ते एयर पॉल्यूशन से निपटने के लिए सरकार अब बड़े स्तर पर वैज्ञानिक कदम उठाने जा रही है। IIT दिल्ली के नेतृत्व में एक एडवांस्ड रियल-टाइम सोर्स अपॉर्शनमेंट स्टडी शुरू करने की तैयारी है, जिससे प्रदूषण के असली स्रोतों की पहचान की जा सकेगी।

हाई-लेवल मीटिंग में बनी रणनीति

बुधवार को पर्यावरण मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा की अध्यक्षता में हुई बैठक में IIT दिल्ली के वैज्ञानिकों ने विस्तृत प्रस्ताव पेश किया। इसमें दिल्ली के एयर क्वालिटी मैनेजमेंट सिस्टम को मजबूत करने के लिए साइंस-बेस्ड रोडमैप दिया गया।

बताया जा रहा है कि यह प्रस्ताव पिछली सरकार के दौरान लंबित था, लेकिन अब इसे तेजी से लागू करने की दिशा में कदम बढ़ाए जा रहे हैं। मंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि सभी मंजूरी प्रक्रियाएं जल्द पूरी की जाएं, ताकि स्टडी बिना देरी शुरू हो सके।

DPCC सुपर-साइट फिर होगी एक्टिव

इस प्रोजेक्ट का एक अहम हिस्सा दिल्ली पॉल्यूशन कंट्रोल कमेटी की सुपर-साइट को दोबारा शुरू करना है। इसे एडवांस्ड मशीनों और मोबाइल मॉनिटरिंग यूनिट्स से जोड़ा जाएगा, जिससे लगातार हाई-रिजोल्यूशन डेटा मिल सकेगा।

यह स्टडी पांच साल तक चलेगी और इसका फोकस सिर्फ पुराने डेटा पर नहीं, बल्कि रियल-टाइम मॉनिटरिंग पर होगा, खासकर PM10 जैसे खतरनाक कणों के स्रोतों की पहचान पर।

क्या होंगे इस स्टडी के बड़े फायदे?

इस स्टडी के जरिए सरकार को यह समझने में मदद मिलेगी कि प्रदूषण कहां से आ रहा है, कौन से फैक्टर इसे बढ़ा रहे हैं और कौन से उपाय जमीन पर असर दिखा रहे हैं।

  • रियल-टाइम सोर्स ट्रैकिंग से तुरंत कार्रवाई संभव
  • मोबाइल वैन से हॉटस्पॉट्स की सटीक मॉनिटरिंग
  • 24×7 डेटा कलेक्शन से सीजनल ट्रेंड्स की पहचान
  • एडवांस्ड उपकरणों से मौसम और लोकल प्रदूषण का अलग-अलग विश्लेषण
  • लाइव डैशबोर्ड के जरिए लगातार अपडेट

हर हॉटस्पॉट पर होगी नजर

यह प्रोजेक्ट अगले पांच वर्षों में दिल्ली के सभी प्रमुख प्रदूषण हॉटस्पॉट्स को कवर करेगा। हर जगह कम से कम 30 दिन की सीजनल सैंपलिंग होगी, जबकि सुपर-साइट लगातार डेटा रिकॉर्ड करेगी।

इसके साथ ही DPCC स्टाफ को नई तकनीकों और डेटा एनालिसिस की ट्रेनिंग भी दी जाएगी, जिससे सिस्टम और मजबूत हो सके।

‘साइंस और डेटा से ही जीती जाएगी लड़ाई’

मंत्री मनजिंदर सिंह सिरसा ने साफ कहा कि मुख्यमंत्री रेखा गुप्ता के नेतृत्व में एयर क्वालिटी सुधार सरकार की प्राथमिकता है। उन्होंने कहा कि प्रदूषण के खिलाफ लड़ाई अब अनुमान से नहीं, बल्कि साइंस, डेटा और जवाबदेही के आधार पर लड़ी जाएगी।

कुल मिलाकर, यह नई पहल दिल्ली के लिए गेमचेंजर साबित हो सकती है, जो न सिर्फ प्रदूषण के असली कारणों को उजागर करेगी, बल्कि भविष्य की नीति बनाने में भी मजबूत आधार देगी।

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