मुंबई के JJ हॉस्टल में MBBS छात्र रोहन प्रजापति ने की आत्महत्या

Updated on 2025-06-10T10:38:54+05:30

मुंबई के JJ हॉस्टल में MBBS छात्र रोहन प्रजापति ने की आत्महत्या

मुंबई के JJ हॉस्टल में MBBS छात्र रोहन प्रजापति ने की आत्महत्या

मुंबई के ग्रांट मेडिकल कॉलेज और J.J. हॉस्पिटल के तृतीय वर्ष के MBBS छात्र रोहन रामफ़ेर प्रजापति (22) का रविवार रात अपने हॉस्टल रूम में फंदे पर लटका शरीर मिला। कमरे में साथ रहने वाले साथी छात्र ने उन्हें बेहोश पाया और वॉर्डन को सूचना दी—जिसके बाद उन्हें अस्पताल ले जाया गया, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया  ।

पुलिस ने प्रारंभिक जांच में कोई अप्राकृतिक कारण सामने नहीं पाया और आत्महत्या की प्रवृत्तियों को सामने रखते हुए “Accidental Death Report” दर्ज कर ली है  । पुलिस के अनुसार, रोहन “पढ़ाई का दबाव और पारिवारिक आर्थिक संकट” झेल रहे थे  ।

यह घटना 8 जून रात लगभग 10 बजे हुई जब रूममेट ने धक्का देकर दरवाजा खोला और रोहन को पंखे से लटका पाया। पुलिस ने साथी छात्रों, परिवार और दोस्तों के बयान दर्ज कर लिए हैं  ।

सामाजिक और शिक्षा प्रणाली पर चिंता

यह केवल व्यक्तिगत त्रासदी नहीं — भारत में लगभग हर घंटे छात्र के आत्महत्या करने का आंकड़ा चिंताजनक है। विशेष रूप से मेडिकल व इंजीनियरिंग जैसे प्रतियोगी क्षेत्रों में मानसिक स्वास्थ्य को अनदेखा किया जा रहा है  ।

डॉक्टर बनने की चुनौती में तनाव बढ़ा है, और साथ ही आर्थिक तंगी के कारण घरेलू सपोर्ट कमजोर पड़ता दिख रहा है।

स्टूडेंट काउंसलिंग और हेल्पलाइन

यदि आप या आपका कोई जानकार ऐसी मानसिक चुनौतियों से जूझ रहा है—आगे बढ़कर ये मदद लें:

MPower Mental Health Helpline: 1800‑120‑820050

Vandrevala Foundation: 9999666555

I-Call (TISS): 9152987821

Samaritans Mumbai: 8422984528 

संक्षेप में: कोर्टीन युवा छात्र की जान चली गई, लेकिन उससे उठता सवाल स्वास्थ्य और शिक्षा व्यवस्था का है—क्या विद्यार्थी की मानसिक एवं आर्थिक स्थिरता को लेकर हमें पर्याप्त तैयारी है?

आगे की सोच:

क्या मेडिकल कॉलेज में नियमित मानसिक स्वास्थ्य स्क्रीनिंग होगी?

क्या छात्राओं एवं छात्रों को आर्थिक संकट होने पर ऋण या सहायता दी जाएगी?

और क्या परिजनों को ऐसी घटना रोकने के लिए शिक्षित किया जा रहा है

हमें इन प्रश्नों पर गंभीर चर्चा की ज़रूरत है—और रोहन जैसे छात्र की आत्मा को सम्मान और समझदारी से याद रखना है।