टोक्यो में मोदी-इशिबा शिखर वार्ता, भारत-जापान रिश्तों में नए युग की शुरुआत

Updated on 2025-08-30T15:00:24+05:30

टोक्यो में मोदी-इशिबा शिखर वार्ता, भारत-जापान रिश्तों में नए युग की शुरुआत

टोक्यो में मोदी-इशिबा शिखर वार्ता, भारत-जापान रिश्तों में नए युग की शुरुआत

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी शुक्रवार (29 अगस्त 2025) को दो दिवसीय दौरे पर टोक्यो पहुंचे और जापान के प्रधानमंत्री शिगेरू इशिबा से शिखर वार्ता की। इस बैठक का उद्देश्य व्यापार, निवेश और उभरती तकनीकों सहित द्विपक्षीय संबंधों को और गहरा करना रहा। इस दौरान दोनों नेताओं ने “2035 विजन स्टेटमेंट” जारी किया, जो 2015 में जारी 2025 विजन स्टेटमेंट का उन्नत संस्करण है।

विदेश सचिव विक्रम मिस्री ने जानकारी दी कि जापान ने भारत में 10 ट्रिलियन येन (करीब 67 अरब डॉलर) के निजी निवेश का लक्ष्य रखा है। वहीं, भारत-जापान बिजनेस फोरम में दोनों देशों की कंपनियों के बीच लगभग 150 समझौते और साझेदारियां हुईं, जिनकी कुल कीमत 13 अरब डॉलर से अधिक है। मिस्री ने कहा कि यह दोनों देशों के बीच भरोसे और साझेदारी का प्रतीक है।

जापान ने यह भी घोषणा की कि वह 2030 के शुरुआती वर्षों में भारत में मुंबई-अहमदाबाद हाई स्पीड रेल प्रोजेक्ट के तहत अपनी नवीनतम E10 सीरीज की शिंकान्सेन ट्रेनें शुरू करेगा। इस प्रोजेक्ट को भारत-जापान साझेदारी की सबसे बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है।

प्रधानमंत्री मोदी से जापान के पूर्व प्रधानमंत्री योशीहिदे सुगा और फूमियो किशिदा ने भी मुलाकात की। इस दौरे की खास झलक टोक्यो की प्रतिष्ठित Tokyo Skytree रही, जिसे भारतीय तिरंगे के रंगों से रोशन किया गया। यह नजारा दोनों देशों के रिश्तों की गहराई और आपसी विश्वास का प्रतीक बन गया।