‘लंच के लिए हॉस्टल गया था बेटा, जब प्लेन गिरा तो दूसरी मंजिल से कूद गया…’ — रमीला की व्यथा

Updated on 2025-06-13T11:09:09+05:30

‘लंच के लिए हॉस्टल गया था बेटा, जब प्लेन गिरा तो दूसरी मंजिल से कूद गया…’ — रमीला की व्यथा

‘लंच के लिए हॉस्टल गया था बेटा, जब प्लेन गिरा तो दूसरी मंजिल से कूद गया…’ — रमीला की व्यथा

अहमदाबाद AI‑171 (बोइंग 787‑8) क्रैश के दौरान बी.जे. मेडिकल कॉलेज हॉस्टल की रसोई में मौजूद छात्र रमीला की पुत्री का बेटा लंच लेने गया था। उसी वक्त विमान दुर्घटनाग्रस्त हुआ, जिससे रसोई और आसपास का मलबा भयंकर रूप से तहस-नहस हो गया  ।

रमीला ने बताया कि उनका बेटा उस समय हॉस्टल में था। जैसे ही धमाका हुआ, वह तुरंत दूसरी मंजिल की खिड़की से कूद गया। इससे उसकी जान बच गई, पर वह घायल हुआ है। रसोई में मौजूद अन्य कई छात्र, जिनमें कई इंटर्न डॉक्टर्स भी शामिल थे, मलबे में दब गए—आतंकित और चौंकाने वाले दृश्य ने डॉक्टरों को भी हैरान कर दिया  ।

उस वक्त खाना खाने के लिए छात्र-पक्ष उमड़े हुए थे। हादसे की चपेट में आए भवन में खाने की प्लेटें बिखरी दिखीं—जिसने बताया कि ये दर्दनाक क्षण अचानक आया  ।

स्थानीय निवासियों ने बताया कि जैसे ही विमान गिरा, धुआँ-धड़ाका हुआ और लोगों ने खुद को बचाने के लिए इधर-उधर भागना शुरू किया  । बचाव दल ने त्वरित कार्रवाई की—एनडीआरएफ, दमकल, पुलिस और अस्पतालों को अलर्ट किया गया।