'एक अकेला ही बुज़दिलों की भीड़ के लिए काफी'—औवेसी ने वक्फ बिल फाड़ा, यह बयान किसने दिया?

Updated on 2025-04-03T12:09:15+05:30

'एक अकेला ही बुज़दिलों की भीड़ के लिए काफी'—औवेसी ने वक्फ बिल फाड़ा, यह बयान किसने दिया?

'एक अकेला ही बुज़दिलों की भीड़ के लिए काफी'—औवेसी ने वक्फ बिल फाड़ा, यह बयान किसने दिया?

AIMIM अध्यक्ष और हैदराबाद के सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने बुधवार रात लोकसभा में वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 का विरोध किया और भाषण के दौरान इसकी कॉपी फाड़ दी। उन्होंने कहा कि यह भारत के ईमान पर हमला है और इसे मुसलमानों का अपमान करने के लिए लाया गया है। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस बिल के जरिए अल्पसंख्यकों के खिलाफ जंग छेड़ दी है।

दिल्ली AIMIM अध्यक्ष शोएब जमई ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर ओवैसी के भाषण का वीडियो शेयर करते हुए लिखा—
"एक अकेला ही बुज़दिलों की भीड़ के लिए काफी है।" उन्होंने याद दिलाया कि इससे पहले CAA कानून की कॉपी भी ओवैसी ने संसद में फाड़ी थी।

विधेयक पर बहस और पारित होने की प्रक्रिया
पहले वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2024 को विपक्ष के विरोध के बाद संयुक्त संसदीय समिति को भेजा गया था। समिति ने 38 बैठकें कर सुझाव दिए, जिनके आधार पर वक्फ (संशोधन) विधेयक, 2025 बुधवार को लोकसभा में पेश किया गया।

लोकसभा में विपक्षी दलों के संशोधनों को खारिज करते हुए 232 के मुकाबले 288 मतों से यह विधेयक पारित कर दिया गया। साथ ही, मुसलमान वक्फ (निरसन) विधेयक, 2024 को भी ध्वनिमत से मंजूरी मिली।

बिल का समर्थन और विरोध
विधेयक का समर्थन करने वाले दल:

एनडीए सहयोगी दल—जद (यू), तेलुगु देशम पार्टी (तेदेपा), लोक जनशक्ति पार्टी (रामविलास), जनसेना, जनता दल (सेक्यूलर)

झारखंड में बीजेपी सहयोगी—आजसू

विधेयक का विरोध करने वाले दल:

कांग्रेस, समाजवादी पार्टी, तृणमूल कांग्रेस, द्रमुक व अन्य विपक्षी दल

विपक्ष का आरोप— यह बिल असंवैधानिक है और मुसलमानों की जमीन हड़पने के लिए लाया गया है।