शर्मनाक घटना: सिनेमा हॉल के महिला वॉशरूम में वीडियो बनाता नाबालिग पकड़ा

Updated on 2026-01-06T14:04:19+05:30

शर्मनाक घटना: सिनेमा हॉल के महिला वॉशरूम में वीडियो बनाता नाबालिग पकड़ा

शर्मनाक घटना: सिनेमा हॉल के महिला वॉशरूम में वीडियो बनाता नाबालिग पकड़ा

महिलाओं की सुरक्षा को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं। बेंगलुरु के एक सिनेमा हॉल से सामने आई यह घटना न सिर्फ शर्मनाक है, बल्कि समाज के लिए चिंता का विषय भी है। शहर के संध्या सिनेमा थिएटर में महिला वॉशरूम के भीतर चोरी-छिपे वीडियो बनाने के आरोप में एक नाबालिग को पुलिस ने हिरासत में लिया है। घटना सामने आते ही थिएटर में मौजूद दर्शकों ने जमकर हंगामा किया।

जानकारी के अनुसार, यह मामला उस समय उजागर हुआ जब कुछ महिलाओं को वॉशरूम के अंदर संदिग्ध हरकतें महसूस हुईं। महिलाओं ने देखा कि वॉशरूम के एक कोने से मोबाइल फोन बाहर की ओर झुका हुआ है। शक होने पर उन्होंने शोर मचाया और थिएटर स्टाफ को इसकी जानकारी दी। स्टाफ के पहुंचते ही आरोपी किशोर को मौके पर पकड़ लिया गया।

घटना की खबर फैलते ही सिनेमा हॉल में अफरा-तफरी मच गई। दर्शकों ने आरोपी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग करते हुए जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। स्थिति को बिगड़ता देख थिएटर प्रबंधन ने तुरंत पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस ने नाबालिग को हिरासत में लेकर पूछताछ शुरू की।

पुलिस अधिकारियों के मुताबिक, आरोपी की उम्र कम होने के कारण मामले को किशोर न्याय अधिनियम के तहत देखा जा रहा है। प्रारंभिक जांच में यह आरोप सामने आया है, कि वह महिला वॉशरूम में छिपकर महिलाओं के आपत्तिजनक वीडियो बना रहा था। पुलिस ने आरोपी के मोबाइल फोन को जब्त कर लिया है और उसमें मौजूद डेटा की जांच की जा रही है।

पुलिस यह भी पता लगाने की कोशिश कर रही है, कि वीडियो कहीं रिकॉर्ड किए गए थे या उन्हें किसी प्लेटफॉर्म पर साझा किया गया था। इसके अलावा, थिएटर परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है ताकि यह समझा जा सके कि आरोपी कितनी देर से इस तरह की गतिविधियों में शामिल था।

इस घटना के बाद महिलाओं की सुरक्षा को लेकर थिएटर प्रबंधन की भूमिका पर भी सवाल उठने लगे हैं। लोगों का कहना है कि सार्वजनिक स्थानों पर निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किए जाने की जरूरत है, ताकि इस तरह की घटनाओं को रोका जा सके।

फिलहाल पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है और कानूनी प्रक्रिया के तहत आगे की कार्रवाई की जा रही है। यह घटना एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर करती है कि सार्वजनिक स्थानों पर महिलाओं की निजता और सुरक्षा सुनिश्चित करना कितना जरूरी हो गया है।