यशस्वी जायसवाल को आउट दिया गया या न्याय से पहले फैसला हो गया

Updated on 2025-10-11T16:35:31+05:30

यशस्वी जायसवाल को आउट दिया गया या न्याय से पहले फैसला हो गया

यशस्वी जायसवाल को आउट दिया गया या न्याय से पहले फैसला हो गया

भारत और वेस्टइंडीज के बीच खेले जा रहे मुकाबले में एक ऐसा पल आया जिसने पूरे मैच का माहौल बदल दिया। भारतीय बल्लेबाज यशस्वी जायसवाल को रनआउट करार दिया गया, लेकिन सोशल मीडिया पर फैंस और एक्सपर्ट्स का मानना है कि अंपायर ने फैसला बहुत जल्दी लिया।

घटना तब हुई जब जायसवाल तेज सिंगल लेने की कोशिश कर रहे थे। थ्रो सीधा स्टंप्स पर लगा और अंपायर रिचर्ड इलिंगवर्थ ने बिना ज्यादा देर किए उंगली उठा दी। रिप्ले में नजर आया कि जायसवाल का बल्ला शायद क्रीज़ के अंदर था, लेकिन कैमरे के एंगल और फ्रेम के कारण तस्वीर साफ नहीं हो पाई।

फैसले के बाद मैदान पर हल्की तनातनी देखने को मिली। भारतीय खिलाड़ियों ने अंपायर से बात करने की कोशिश की, जबकि जायसवाल खुद थोड़े नाराज़ नजर आए। वहीं, वेस्टइंडीज टीम ने आउट को सही ठहराते हुए जश्न मनाया।

सोशल मीडिया पर यह फैसला कुछ ही मिनटों में ट्रेंड करने लगा। कई क्रिकेट फैंस ने लिखा कि तीसरे अंपायर को फैसला दोबारा देखना चाहिए था, जबकि कुछ लोगों ने कहा कि इतनी नजदीकी स्थिति में बल्लेबाज को ‘बेनिफिट ऑफ डाउट’ मिलना चाहिए था।

मैच के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में भारतीय टीम मैनेजमेंट ने टिप्पणी करने से इनकार कर दिया, लेकिन सूत्रों के अनुसार टीम इस फैसले से खुश नहीं थी। दूसरी ओर, वेस्टइंडीज के कप्तान ने कहा कि “मैदान पर जो फैसला होता है, हम उसी का सम्मान करते हैं।”

यह घटना क्रिकेट में तकनीकी फैसलों पर उठने वाले पुराने सवालों को फिर से ताजा कर गई है , क्या तकनीक के बावजूद इंसानी गलती से खिलाड़ी को नुकसान उठाना पड़ता है? फैंस की राय भले अलग-अलग हो, लेकिन इतना तय है कि यशस्वी जायसवाल का यह विवाद आने वाले समय तक चर्चा में रहेगा।