Shani Dev Worship: शनिदेव की पूजा से बदलेगा भाग्य, ऐसे मिलेगी कठिनाइयों से मुक्ति

Updated on 2025-11-15T11:35:30+05:30

Shani Dev Worship: शनिदेव की पूजा से बदलेगा भाग्य, ऐसे मिलेगी कठिनाइयों से मुक्ति

Shani Dev Worship: शनिदेव की पूजा से बदलेगा भाग्य, ऐसे मिलेगी कठिनाइयों से मुक्ति

Saturday Puja Benefits: शनिवार का दिन सनातन धर्म में बहुत शुभ माना जाता है। इस दिन की गई पूजा शनिदेव को प्रसन्न करती है और उनके अशुभ प्रभाव को कम करती है।

शनिदेव न्याय के देवता हैं। वे हर व्यक्ति को उसके कर्मों के अनुसार फल देते हैं। जब शनि की कृपा होती है तो जीवन में स्थिरता, धन, और सफलता बढ़ती है। लेकिन जब शनि अशुभ होते हैं, तब रुकावटें, आर्थिक समस्याएँ और तनाव बढ़ने लगते हैं।

ऐसे समय में शनिदेव की शांति पूजा सबसे असरदार मानी जाती है। गुजरात के श्री हथला शनि मंदिर में इसी के लिए एक विशेष शनि दोष शांति महापूजा की जा रही है।

शनि दोष कब बढ़ता है?

ज्योतिष अनुसार, जब कुंडली में साढ़े साती या शनि महादशा चल रही होती है, तब व्यक्ति को मेहनत का फल देर से मिलता है, आर्थिक दिक्कतें आती हैं और परिवार में तनाव भी बढ़ सकता है। ऐसे में सामान्य उपाय से राहत नहीं मिलती, बल्कि वैदिक शनि शांति पूजा ही ज्यादा प्रभावी होती है।

तेलाभिषेक और मंत्र जाप का महत्व

शनिदेव को तिल के तेल से अभिषेक करना बहुत शुभ माना गया है। इससे शनि का क्रोध शांत होता है और मन की बेचैनी कम होती है।

ॐ शं शनैश्चराय नमः” या शनि गायत्री मंत्र का जाप नकारात्मक ऊर्जा को दूर करता है। महापूजा में हवन, दीपदान और शनि स्तोत्र पढ़ा जाता है, जो जीवन में आत्मविश्वास, शांति और स्थिरता लाता है।

सरल पूजन विधि:

  • तिल के तेल से शनिदेव का अभिषेक करें।
  • ॐ शं शनैश्चराय नमः” मंत्र 108 बार जपें।
  • जरूरतमंदों को काले कपड़े, तिल और सरसों का तेल दान करें।

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