Shardiya Navratri 2025 Day 4 Puja: शारदीय नवरात्रि: चौथे दिन मां कुष्मांडा पूजा विधि और महत्व
Shardiya Navratri 2025 Day 4 Puja: शारदीय नवरात्रि: चौथे दिन मां कुष्मांडा पूजा विधि और महत्व
Shardiya Navratri 2025 Day 4 Puja: आश्विन मास की प्रतिपदा से शारदीय नवरात्रि शुरू हो चुकी है। नवरात्रि का चौथा दिन मां कूष्मांडा को समर्पित है। इस दिन मां कूष्मांडा की पूजा करने से दुख, दोष और गरीबी दूर होती है। मान्यता है कि मां कूष्मांडा ने अपनी हल्की मुस्कान से सृष्टि की रचना की।
इस साल 2025 में नवरात्रि 10 दिनों तक मनाई जाएगी, क्योंकि तृतीया तिथि दो दिन पड़ी है। इस कारण 24 और 25 सितंबर को मां चंद्रघंटा की पूजा होगी, जबकि 26 सितंबर को मां कूष्मांडा की पूजा होगी।
मां कूष्मांडा का स्वरूप:
मां कूष्मांडा आठ भुजाओं वाली हैं, इसलिए उन्हें अष्टभुजाधारी कहा जाता है। एक हाथ में जपमाला और बाकी सात हाथों में धनुष, बाण, कमंडल, कमल, अमृत कलश, चक्र और गदा है। इनकी पूजा से सुख-समृद्धि, तेज और स्वास्थ्य की प्राप्ति होती है।
पूजा मुहूर्त:
- ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 04:33–05:21
- अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:47–12:35
- विजय मुहूर्त: दोपहर 02:12–03:00
पूजा विधि:
- सुबह स्नान करके साफ कपड़े पहनें।
- पूजा स्थल को गंगाजल से पवित्र करें।
- लकड़ी की चौकी पर पीले कपड़े बिछाकर मां की प्रतिमा स्थापित करें।
- मां को वस्त्र, फूल, फल, मिठाई और नैवेद्य अर्पित करें।
- खास तौर पर मां को मालपुए का भोग लगाना शुभ माना जाता है।
- इसके बाद धूप-दीप जलाएं, मंत्र जाप करें और आरती करें।
मंत्र:
- ॐ देवी कूष्माण्डायै नमः
- कूष्मांडा: ऐं ह्री देव्यै नमः
पूजा का रंग:
नवरात्रि के चौथे दिन पीला रंग प्रिय है। पूजा में पीले वस्त्र, सिंदूर, बिंदी, फल और मिठाई अर्पित करें। आप खुद भी पीला कपड़ा पहनकर पूजा कर सकते हैं।