Last Updated Jul - 16 - 2025, 12:27 PM | Source : Fela news
जून में कम मुद्रास्फीति और तटस्थ नीति को देखते हुए RBI गवर्नर ने ब्याज दरों में और कटौती की संभावनाओं का संकेत दिया।
आरबीआई गवर्नर संजय मल्होत्रा ने CNBC-TV18 को दिए इंटरव्यू में संकेत दिया है कि यदि मुद्रास्फीति निचले स्तर पर बनी रहती है तो इस वर्ष ब्याज दरों में एक और कटौती हो सकती है। उन्होंने कहा कि केंद्रीय बैंक मौद्रिक नीति को लचीलापन से बनाए रखेगा और अगली समीक्षा में यह कटौती संभव है।
जून में खुदरा मुद्रास्फीति 2.10% तक गिर गई, जो पिछले छह वर्षों की सबसे कम दर है। इससे RBI के लिए आर्थिक गतिविधियों को प्रोत्साहित करने की गुंजाइश खुली है । हालांकि मुद्रास्फीति कम है, आर्थिक ऊर्जा, जैसे ऑटो और रियल एस्टेट में मंदी और मुद्रा सुदृढ़ता, सरकारी खर्च की सीमाएं एक नई चुनौती पैदा कर रही हैं।
विश्लेषक अनुमान लगा रहे हैं कि RBI की अगली दर समीक्षा सितंबर-अक्टूबर 2025 में होगी, लेकिन यदि आर्थिक स्थिति अनुकूल रही तो पहले भी फैसला किया जा सकता है। कुल मिलकर, यह संकेत आर्थिक चैनलों को फिर से मजबूत करने और विकास दर बढ़ाने का प्रयास माना जा रहा है।