Last Updated Jan - 06 - 2026, 05:27 PM | Source : Fela News
शहडोल के जयसिंहनगर में बाइक सवार बदमाशों ने एक घंटे में दो लूट कीं। दूसरी वारदात में फोन पे ट्रांजेक्शन ने तीनों को पुलिस तक पहुंचा दिया।
शहडोल जिले के जयसिंहनगर थाना क्षेत्र में एक घंटे के भीतर दो लूट की वारदातों ने इलाके में सनसनी फैला दी। बाइक सवार तीन बदमाशों ने पहले एक राहगीर को निशाना बनाया और फिर करीब पांच किलोमीटर दूर जाकर दूसरी लूट को अंजाम दिया। हालांकि दूसरी घटना में की गई एक बड़ी चूक ने पूरे मामले की दिशा बदल दी और बदमाश पुलिस के शिकंजे में आ गए।
पुलिस के अनुसार, पहली वारदात जयसिंहनगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत हुई, जहां तीनों आरोपी बाइक से पहुंचे और एक व्यक्ति को रोककर नकदी व मोबाइल लूट लिया। वारदात के बाद वे मौके से फरार हो गए। पीड़ित ने तुरंत पुलिस को सूचना दी, जिसके बाद इलाके में नाकाबंदी और तलाश शुरू की गई। लेकिन बदमाश यहीं नहीं रुके।
करीब एक घंटे बाद बदमाशों ने दूसरी लूट की वारदात को अंजाम दिया। इस बार उन्होंने पीड़ित से जबरन PhonePe के जरिए 41 हजार रुपये ट्रांसफर करवा लिए । यही ट्रांजेक्शन उनके लिए सबसे बड़ी गलती साबित हुई। पीड़ित की शिकायत पर पुलिस ने तकनीकी जांच शुरू की और डिजिटल लेन-देन के जरिए आरोपियों की लोकेशन ट्रेस कर ली।
तकनीकी सर्विलांस और स्थानीय मुखबिरों की मदद से पुलिस ने कुछ ही घंटों में तीनों आरोपियों को दबोच लिया। गिरफ्तारी के दौरान उनके पास से लूटी गई नकदी, मोबाइल फोन और वारदात में इस्तेमाल की गई बाइक भी बरामद की गई। पूछताछ में आरोपियों ने दोनों लूट की घटनाओं में शामिल होने की बात स्वीकार की है।
जयसिंहनगर थाना प्रभारी के मुताबिक, आरोपियों के खिलाफ लूट और अन्य संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया है। पुलिस यह भी जांच कर रही है कि क्या ये आरोपी इससे पहले भी किसी आपराधिक घटना में शामिल रहे हैं या नहीं। उनके आपराधिक रिकॉर्ड की पड़ताल की जा रही है।
घटना के बाद इलाके में दहशत का माहौल जरूर बना, लेकिन बदमाशों की त्वरित गिरफ्तारी से लोगों ने राहत की सांस ली है। स्थानीय निवासियों का कहना है कि हाल के दिनों में बाइक सवार बदमाशों की गतिविधियां बढ़ी हैं, ऐसे में पुलिस की गश्त और सतर्कता और बढ़ाई जानी चाहिए।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि डिजिटल भुगतान के दौर में अपराधी अक्सर ऐसी गलतियां कर बैठते हैं, जो उनके लिए ही सबूत बन जाती हैं। जयसिंहनगर की यह कार्रवाई इसी का उदाहरण है, जहां फोन पे ट्रांजेक्शन ने लुटेरों को सीधे सलाखों के पीछे पहुंचा दिया।