Last Updated Mar - 04 - 2025, 02:55 PM | Source : Fela News
पंचांग के अनुसार, इस साल रंगभरी एकादशी 10 मार्च को पड़ रही है ।ऐसे में इन कामों को करने से भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी की विशेष कृपा प्राप्त होगी
फाल्गुन महीने की शुक्ल पक्ष की एकादशी को रंगभरी एकादशी कहा जाता है। इसे आमला एकादशी या अमलकी एकादशी भी कहते हैं। इस दिन भगवान विष्णु और मां लक्ष्मी के आशीर्वाद के लिए व्रत रखा जाता है। पंचांग के अनुसार, इस बार रंगभरी एकादशी सोमवार, 10 मार्च को है। रंगभरी एकादशी होली त्योहार की सबसे खास एकादशी मानी जाती है। इस दिन भगवान शिव और मां पार्वती की भी पूजा की जाती है। ज्योतिषियों के अनुसार, रंगभरी एकादशी के दिन कुछ कार्य करने से भगवान विष्णु का अपार आशीर्वाद मिलता है।
अच्छे भाग्य के लिए करें ये कार्य
रंगभरी एकादशी के दिन आमला वृक्ष की पूजा करना विशेष रूप से शुभ माना जाता है। इस दिन आमला का धार्मिक और स्वास्थ्यवर्धक महत्व है। अच्छे स्वास्थ्य और अच्छे भाग्य के लिए सुबह जल्दी उठकर आमला वृक्ष को पानी अर्पित करें। वृक्ष को फूल, धूप और नैवेद्य अर्पित करें और उसके पास दीप जलाएं। इसके बाद वृक्ष के चारों ओर 27 या 9 बार परिक्रमा करें और अच्छे भाग्य और स्वास्थ्य के लिए प्रार्थना करें।
आर्थिक संकट से मिलेगी राहत
यदि आप आर्थिक समस्याओं का सामना कर रहे हैं, तो रंगभरी एकादशी के दिन शिव मंदिर जाकर विशेष पूजा करें। स्नान के बाद एक बर्तन में पानी भरें और उसमें अबीर, गुलाल, चंदन और बेलपत्र डालें। फिर सबसे पहले शिवलिंग पर चंदन लगाएं, फिर बेलपत्र और पानी अर्पित करें। अंत में अबीर और गुलाल अर्पित करें और भगवान शिव से आर्थिक संकट दूर करने की प्रार्थना करें।
विवाह में आ रही बाधाएं दूर होंगी
यदि विवाह में बाधाएं आ रही हैं, तो रंगभरी एकादशी का व्रत करना लाभदायक होगा। सूर्यास्त के बाद भगवान शिव और मां पार्वती की संयुक्त पूजा करें। पूजा के दौरान गुलाबी रंग का अबीर अर्पित करें और सुखद विवाहित जीवन की प्रार्थना करें। यह उपाय विवाह में आ रही बाधाओं को दूर करने में सहायक है।
अच्छे स्वास्थ्य के लिए करें यह उपाय
स्वास्थ्य लाभ के लिए रंगभरी एकादशी की मध्यरात्रि में भगवान शिव की पूजा करें। भगवान शिव को पानी और बेलपत्र अर्पित करें। इसके बाद लाल, पीले और सफेद रंग का अबीर अर्पित करें। फिर "ॐ हौं जूँ सा" मंत्र का 11 बार जाप करें। यह उपाय शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार करता है।