Header Image

ट्रंप का बड़ा बयान, 'ईरान से डील हो या न हो, दो से तीन हफ्ते में खत्म होगी जंग'

ट्रंप का बड़ा बयान, 'ईरान से डील हो या न हो, दो से तीन हफ्ते में खत्म होगी जंग'

Last Updated Apr - 01 - 2026, 11:21 AM | Source : Fela News

US-Iran War: पश्चिमी एशिया में जारी संघर्ष के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने कहा कि अमेरिका आने वाले दो से तीन हफ्तों में ईरान से बाहर होगा.
ट्रंप का बड़ा बयान
ट्रंप का बड़ा बयान

पश्चिमी एशिया में जारी संघर्ष के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने बड़ा बयान दिया है. उन्होंने दावा किया है कि ईरान के साथ चल रहे युद्ध में अमेरिका का मुख्य उद्देश्य पूरा हो चुका है और आने वाले दो से तीन सप्ताह में अमेरिकी सेना वहां से बाहर हो सकती है.

व्हाइट हाउस में पत्रकारों से बातचीत के दौरान ट्रंप ने कहा कि ईरान में जारी संघर्ष अब अपने अंतिम चरण में है. उनके अनुसार, यह मिशन जल्द ही पूरा हो जाएगा और अमेरिका अपनी सैन्य मौजूदगी को समाप्त कर सकता है.

ट्रंप ने दावा किया कि अमेरिका ने ईरान के परमाणु कार्यक्रम को रोकने का अपना मुख्य लक्ष्य पहले ही हासिल कर लिया है. उन्होंने कहा कि अब ईरान के पास परमाणु हथियार बनाने की क्षमता नहीं बची है. उनके मुताबिक, लगातार सैन्य दबाव के कारण ईरान की ताकत कमजोर हुई है.

उन्होंने यह भी कहा कि युद्ध के दौरान ईरान की स्थिति काफी बदल गई है. ट्रंप ने दावा किया कि वहां सत्ता में भी बदलाव देखा गया है और अब अमेरिका उन लोगों से बातचीत कर रहा है, जो पहले की तुलना में अधिक समझदार हैं.

ट्रंप ने कहा कि अमेरिका की सैन्य कार्रवाई का उद्देश्य केवल ईरान की परमाणु क्षमता को खत्म करना और उसकी सैन्य ताकत को लंबे समय तक कमजोर करना था. उन्होंने दावा किया कि यह लक्ष्य काफी हद तक पूरा हो चुका है.

हालांकि, उन्होंने यह भी संकेत दिया कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत के जरिए समझौते की संभावना अभी बनी हुई है. ट्रंप ने कहा कि ईरान समझौते के लिए अधिक इच्छुक दिखाई दे रहा है, लेकिन उन्होंने यह स्पष्ट किया कि अमेरिकी सेना की वापसी पूरी तरह समझौते पर निर्भर नहीं होगी.

उन्होंने कहा कि जब अमेरिका को लगेगा कि ईरान को काफी हद तक पीछे धकेल दिया गया है और उसकी सैन्य क्षमता लंबे समय तक कमजोर हो चुकी है, तभी अमेरिकी सेना वहां से हटेगी. ट्रंप के अनुसार, ईरान को अपनी स्थिति सुधारने में 15 से 20 साल लग सकते हैं.

अपने बयान में ट्रंप ने यह भी कहा कि अमेरिका को यह कदम इसलिए उठाना पड़ा क्योंकि ईरान के नेतृत्व में परमाणु हथियार विकसित करने की कोशिश की जा रही थी. उन्होंने दावा किया कि अब ईरान की सैन्य और रक्षा क्षमताएं काफी कमजोर हो चुकी हैं और अमेरिकी विमान पूरी तरह से क्षेत्र में नियंत्रण बनाए हुए हैं.

ट्रंप के इस बयान के बाद अंतरराष्ट्रीय स्तर पर एक बार फिर पश्चिमी एशिया की स्थिति और अमेरिका की भूमिका को लेकर चर्चा तेज हो गई है.

यह भी पढ़े 

Iran Isfahan Explosion: ईरान के न्यूक्लियर सेंटर पर अमेरिका का एयर स्ट्राइक, बंकर बस्टर से हमला

Share :

Trending this week

मिसाइल हमले पर ट्रंप भड़के, नेतन्याहू को फोन चेतावनी

Jun - 08 - 2026

ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्र... Read More

इजरायली हमलों से हिज्बुल्लाह पीछे हटने लगा

Jun - 08 - 2026

लेबनान में जारी तनाव के बीच इजरायल ने हिज्बुल्लाह के खि... Read More

लेबनान में फिर भड़की जंग!

Jun - 05 - 2026

लेबनान और इजरायल के बीच जारी संघर्ष ने एक बार फिर खतरनाक ... Read More