Last Updated Jan - 19 - 2026, 12:50 PM | Source : Fela News
शाहजहांपुर के जोधपुर नवदिया गांव में भैंस निकालने पर विवाद ने हिंसक रूप लिया. पति और बड़े बेटे पर पत्नी की लाठी से हत्या का आरोप, दोनों फरार.
उत्तर प्रदेश के शाहजहांपुर जिले से एक दिल दहला देने वाली घटना सामने आई है, जहां मामूली घरेलू विवाद ने खौफनाक मोड़ ले लिया. तिलहर थाना क्षेत्र के जोधपुर नवदिया गांव में रास्ते को लेकर हुए झगड़े में पति और उसके बड़े बेटे ने मिलकर महिला की लाठी-डंडों से पीट-पीटकर हत्या कर दी. घटना के बाद आरोपी बाप-बेटा मौके से फरार हो गए, जिससे गांव में दहशत का माहौल है.
पुलिस के अनुसार मृतका की पहचान माया देवी के रूप में हुई है. बताया जा रहा है कि वह अपने छोटे बेटे के साथ अलग मकान में रहती थीं, जबकि उनके पति महाराज सिंह यादव बड़े बेटे हरिसुमिरन सिंह के साथ रहते थे. दोनों घरों से बाहर निकलने का रास्ता एक ही था, जिसे लेकर परिवार में लंबे समय से तनातनी चल रही थी.
शुक्रवार देर शाम करीब आठ बजे महाराज सिंह अपने घर से भैंस निकालकर अहाते की ओर ले जा रहा था. आरोप है कि उसने भैंस को शौचालय के पास बने संकरे रास्ते से निकालने की कोशिश की, जिसका माया देवी ने विरोध किया. इसी बात को लेकर दोनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई. विवाद बढ़ने पर गाली-गलौज और धक्का-मुक्की होने लगी.
शोरगुल सुनकर बड़ा बेटा हरिसुमिरन भी मौके पर पहुंच गया. आरोप है कि दोनों ने मिलकर माया देवी पर लाठी-डंडों से हमला कर दिया. सिर और शरीर पर कई वार किए गए, जिससे वह गंभीर रूप से घायल होकर जमीन पर गिर पड़ीं. परिवार के अन्य लोग और पड़ोसी जब तक मौके पर पहुंचे, तब तक महिला अचेत हो चुकी थीं.
घटना की सूचना पर तिलहर पुलिस तत्काल गांव पहुंची और घायल महिला को अस्पताल भिजवाया, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया. पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है. प्रारंभिक जांच में सिर पर गंभीर चोटें मौत की वजह मानी जा रही हैं.
वारदात के बाद से आरोपी पिता-पुत्र घर छोड़कर फरार हैं. पुलिस ने दोनों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज कर लिया है और उनकी तलाश में दबिश दी जा रही है. गांव में तनाव को देखते हुए एहतियातन पुलिस बल तैनात किया गया है.
स्थानीय लोगों का कहना है कि परिवार में रास्ते को लेकर पहले भी कई बार झगड़े हो चुके थे, लेकिन किसी ने नहीं सोचा था कि विवाद इतना भयानक रूप ले लेगा. इस घटना ने एक बार फिर साबित कर दिया कि छोटी पारिवारिक तनातनी भी अगर समय रहते सुलझाई न जाए तो बड़ी त्रासदी बन सकती है.
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