Last Updated Jun - 09 - 2025, 11:07 AM | Source : Fela News
स्वास्थ्य मंत्री द्वारा जीएमसी के निदेशक को निलंबित करने के अगले दिन ही मुख्यमंत्री ने निर्णय रद्द कर डॉक्टर की नौकरी बरकरार रखने की घोषणा की।
गोवा मेडिकल कॉलेज के आपात निदेशक डॉक्टर रुड्रेश कट्टिकार को स्वास्थ्य मंत्री विश्वजित राणे ने एक वीडियो में अभद्र व्यवहार करने के आरोपों के बाद निलंबित किया था। मामले पर सार्वजनिक और चिकित्सा समुदाय में आपत्ति उठी थी ।
इस विवाद के बीच मुख्यमंत्री प्रमोद सावंत ने 9 जून को स्पष्ट किया कि डॉक्टर कट्टिकार निलंबित नहीं होंगे। उन्होंने कहा कि उन पर भरोसा है और वह अपने निर्णय से पलट गए हैं ।
स्वास्थ्य मंत्री राणे ने कहा कि वे मरीजों की बेहतरी के लिए खड़े रहे और उनकी भाषा भले तीखी रही, लेकिन उन्होंने मरीज की अनदेखी नहीं होने दी। साथ ही उन्होंने अपने व्यवहार पर माफ़ी मांगी और कहा कि भविष्य में शब्दों को सँभालेंगे ।
इस पूरे घटनाक्रम ने चिकित्सा प्रशासन और सरकार के बीच बढ़ते तनाव को उजागर किया है। इंडियन मेडिकल एसोसिएशन और अन्य डॉक्टरों ने मंत्री के आचरण की आलोचना की थी ।
मुख्य तथ्य:
यह घटना गोवा में स्वास्थ्य प्रशासन में भूमिका और अधिकारों पर नए सवाल खड़े कर रही है। फेला न्यूज़ इसके अगले रुख और सुधारों की कवरेज जारी रखेगा।