Last Updated Sep - 29 - 2025, 11:00 AM | Source : Fela News
Dussehra 2025: बहुत से लोग मानते हैं कि रावण सिर्फ श्रीराम से हारा था, लेकिन वाल्मीकि रामायण बताती है कि वह चार और ताकतवर योद्धाओं से भी हार चुका था. आइए जानें
Dussehra 2025: अक्सर लोग मानते हैं कि रावण सिर्फ श्रीराम से हारा था, लेकिन धर्मग्रंथों और रामायण के अनुसार वह कई और शक्तिशाली योद्धाओं से भी पराजित हुआ था। आइए जानें वे कौन थे—
सहस्त्रबाहु अर्जुन से हार
रावण ने सहस्त्रबाहु अर्जुन को युद्ध के लिए ललकारा। नर्मदा नदी के किनारे भयंकर युद्ध हुआ और सहस्त्रबाहु ने रावण को बंदी बना लिया। बाद में उसके दादा पुलस्त्य मुनि के कहने पर अर्जुन ने रावण को छोड़ दिया।
शिवजी से हार
अहंकार में रावण कैलाश पर्वत उठाने लगा। तभी शिवजी ने अपने अंगूठे से पर्वत को और भारी कर दिया। रावण का हाथ दब गया और वह हार मान गया। इसके बाद उसने शिवजी को गुरु मान लिया।
राजा बलि से हार
पाताल लोक जीतने की कोशिश में रावण राजा बलि से भिड़ा। बलि के महल में खेल रहे बच्चों ने ही उसे पकड़कर अस्तबल में बांध दिया। यहां भी रावण हार गया।
वानरराज बालि से हार
रावण ने वानरों के राजा बालि को भी चुनौती दी। बालि ने गुस्से में उसे अपनी बाजू में दबाकर समुद्रों की परिक्रमा कर ली। रावण निकल नहीं पाया और थककर हार मान गया। बाद में उसने बालि से मित्रता कर ली।
दशहरे का महत्व
दशहरा यानी बुराई पर अच्छाई की जीत। इस दिन को साल के सबसे शुभ मुहूर्तों में गिना जाता है। नए काम, व्यापार, अनुबंध या गृह प्रवेश के लिए यह दिन अत्यंत शुभ माना जाता है।