Last Updated Jan - 27 - 2026, 11:17 AM | Source : Fela News
WhatsApp यूजर्स सावधान हो जाएं। बिना OTP के भी अकाउंट हैक हो सकता है। जानिए Ghost Pairing जैसे फ्रॉड से बचने के 5 जरूरी और सुरक्षित तरीके।
आज के डिजिटल दौर में WhatsApp सिर्फ चैटिंग ऐप नहीं रह गया है, बल्कि यह हमारी निजी और प्रोफेशनल जिंदगी का अहम हिस्सा बन चुका है। बैंक अलर्ट, ऑफिस डॉक्यूमेंट्स, फैमिली चैट्स और निजी तस्वीरें – सब कुछ इसी एक ऐप में मौजूद होता है। ऐसे में अगर आपका WhatsApp अकाउंट हैक हो जाए, तो नुकसान सिर्फ डेटा का नहीं, बल्कि भरोसे और पैसों का भी हो सकता है। हाल के महीनों में ऐसे कई मामले सामने आए हैं, जहां यूजर्स का WhatsApp अकाउंट बिना OTP डाले ही हैक कर लिया गया।
साइबर एक्सपर्ट्स के मुताबिक, Ghost Pairing जैसे नए फ्रॉड तरीकों की वजह से हैकर्स अब पुराने OTP फ्रॉड से एक कदम आगे निकल चुके हैं। इस तरह के अटैक में यूजर को भनक तक नहीं लगती और अकाउंट पर ठगों का कंट्रोल हो जाता है। ऐसे में जरूरी है कि WhatsApp की सुरक्षा सेटिंग्स को गंभीरता से लिया जाए।
सबसे पहला और सबसे जरूरी कदम है टू-स्टेप वेरिफिकेशन को चालू करना । यह WhatsApp की सबसे मजबूत सुरक्षा परत मानी जाती है। इसमें मोबाइल नंबर के OTP के अलावा एक 6 अंकों का PIN सेट करना होता है। यह PIN सिर्फ आपको पता होना चाहिए और इसे किसी भी आसान पासवर्ड या जन्मतिथि से जोड़ने से बचना चाहिए। एक बार यह फीचर ऑन हो जाने पर, हैकर्स के लिए अकाउंट तक पहुंच बनाना बेहद मुश्किल हो जाता है।
इसके बाद अपनी प्राइवेसी सेटिंग्स को सीमित करना बेहद जरूरी है। Last Seen, Online Status, Profile Photo और About जैसी जानकारियां अक्सर ठगों के लिए शुरुआती सुराग बनती हैं। बेहतर होगा कि इन सभी विकल्पों को "My Contacts” या “Nobody" पर सेट कर दिया जाए, ताकि कोई अनजान व्यक्ति आपकी एक्टिविटी पर नजर न रख सके। ग्रुप में जोड़ने का कंट्रोल भी आपकी सुरक्षा में अहम भूमिका निभाता है। अगर कोई भी आपको बिना अनुमति किसी WhatsApp ग्रुप में जोड़ सकता है, तो यह बड़ा खतरा हो सकता है। स्कैमर्स अक्सर फर्जी ग्रुप्स के जरिए लिंक और फ्रॉड मैसेज भेजते हैं। सेटिंग्स में जाकर यह तय करें कि सिर्फ आपके कॉन्टैक्ट्स ही आपको ग्रुप में ऐड कर सकें।
WhatsApp का ऐप लॉक फीचर भी एक जरूरी सुरक्षा उपाय है। फिंगरप्रिंट या फेस लॉक एक्टिव करने से अगर कोई व्यक्ति आपके फोन तक पहुंच भी जाए, तो वह WhatsApp खोल नहीं पाएगा। यह फीचर अकाउंट को एक अतिरिक्त सुरक्षा देता है।
इसके अलावा WhatsApp को हमेशा अपडेट रखना बेहद जरूरी है। नए अपडेट्स में अक्सर सिक्योरिटी बग्स को ठीक किया जाता है। साथ ही किसी भी थर्ड पार्टी या मॉडिफाइड WhatsApp ऐप से दूरी बनाए रखें। अनजान नंबरों से आने वाले मैसेज, कॉल या लिंक पर क्लिक करना भी भारी पड़ सकता है।
अंत में, यह समझना जरूरी है कि सिर्फ तकनीक ही नहीं, आपकी सतर्कता भी सबसे बड़ी सुरक्षा है। थोड़ी सी सावधानी और सही सेटिंग्स अपनाकर आप बिना OTP होने वाले WhatsApp हैक और ऑनलाइन ठगी से खुद को सुरक्षित रख सकते हैं।
यह भी पढ़े