Last Updated Jan - 08 - 2026, 04:40 PM | Source : Fela News
बांग्लादेश में चुनावी माहौल के बीच हिंसा भड़क उठी। ढाका में BNP के युवा नेता अजीजुर रहमान मुसाब्बिर की सरेआम गोली मारकर हत्या कर दी गई।
बांग्लादेश में आगामी आम चुनावों से पहले राजनीतिक हिंसा एक बार फिर उग्र रूप लेती दिख रही है। राजधानी ढाका में मंगलवार रात अज्ञात हमलावरों ने विपक्षी दल Bangladesh Nationalist Party (BNP) के युवा नेता अजीजुर रहमान मुसाब्बिर की गोली मारकर हत्या कर दी। यह सनसनीखेज वारदात ऐसे समय में हुई है, जब देश में चुनाव आचार संहिता लागू है और 12 फरवरी को मतदान होना है।
पुलिस और पार्टी सूत्रों के मुताबिक, अजीजुर रहमान मुसाब्बिर BNP से जुड़े स्वयंसेवक संगठन में सक्रिय भूमिका निभा चुके थे। वह ढाका मेट्रोपॉलिटन नॉर्थ स्वेच्छासेबक दल के पूर्व महासचिव भी रह चुके थे। मंगलवार रात करीब 8:30 बजे वह करवान बाजार इलाके में मौजूद थे, तभी सुपर स्टार होटल के पास, बशुंधरा सिटी शॉपिंग कॉम्प्लेक्स के नजदीक घात लगाए हमलावरों ने उन पर ताबड़तोड़ फायरिंग कर दी।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार, हमलावर बेहद करीब से कई राउंड गोलियां चलाकर मौके से फरार हो गए। गोली लगते ही मुसाब्बिर जमीन पर गिर पड़े और उनकी हालत गंभीर हो गई। स्थानीय लोग उन्हें तुरंत अस्पताल ले जाने की कोशिश करते रहे, लेकिन डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना के बाद पूरे इलाके में दहशत फैल गई और कुछ देर के लिए अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इस हत्या ने बांग्लादेश में चुनावी हिंसा और कानून-व्यवस्था पर फिर से गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। BNP नेताओं ने आरोप लगाया है कि यह हत्या राजनीतिक साजिश का हिस्सा है और विपक्षी आवाजों को दबाने की कोशिश की जा रही है। पार्टी ने सरकार से निष्पक्ष जांच और दोषियों की जल्द गिरफ्तारी की मांग की है।
BNP के कार्यवाहक प्रमुख Tarique Rahman से जुड़े नेताओं ने इस घटना को लोकतंत्र पर हमला बताया है। उनका कहना है कि चुनाव से पहले इस तरह की हिंसा देश के राजनीतिक माहौल को और अस्थिर कर रही है। वहीं, पुलिस का कहना है कि मामले की जांच शुरू कर दी गई है और सीसीटीवी फुटेज खंगाले जा रहे हैं। हालांकि, अभी तक हमलावरों की पहचान नहीं हो सकी है।
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह घटना बांग्लादेश में चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर गहरा असर डाल सकती है। पहले से ही तनावपूर्ण माहौल में हुई यह हत्या आम मतदाताओं के बीच डर और अनिश्चितता बढ़ा रही है।
कुल मिलाकर, ढाका में BNP नेता की यह हत्या सिर्फ एक व्यक्ति की मौत नहीं, बल्कि बांग्लादेश की चुनावी राजनीति पर एक गंभीर सवाल बनकर खड़ी हो गई है। आने वाले दिनों में यह देखना अहम होगा कि सरकार और चुनाव आयोग इस बढ़ती हिंसा को रोकने के लिए क्या कदम उठाते हैं।