Last Updated Apr - 07 - 2025, 03:27 PM | Source : Fela News
वॉशिंगटन डी.सी.,
अमेरिका और दुनिया के कई हिस्सों में शनिवार को "हैंड्स ऑफ" नामक जन-आंदोलन के तहत लाखों लोगों ने एकजुट होकर राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप और उद्योगपति एलन मस्क की नीतियों और सत्ता के कथित दुरुपयोग के खिलाफ ज़बरदस्त विरोध प्रदर्शन किया। इस ऐतिहासिक प्रदर्शन को "लोकतंत्र की रक्षा" और "अधिकारों की सुरक्षा" के रूप में देखा जा रहा है।
सभी 50 राज्यों में विरोध प्रदर्शन:
यह आंदोलन अमेरिका के सभी 50 राज्यों में फैला रहा, जहाँ राज्य की राजधानियों, संघीय इमारतों और सिटी हॉल जैसे प्रमुख स्थलों पर प्रदर्शन हुए। प्रदर्शनकारियों का उद्देश्य था – "इस संकट की राष्ट्रीय स्तर पर विशाल और दृश्यमान अस्वीकृति दिखाना।"
अंतरराष्ट्रीय समर्थन:
लंदन, पेरिस और बर्लिन जैसे वैश्विक शहरों में भी इस आंदोलन का व्यापक समर्थन देखने को मिला। यह विरोध सिर्फ अमेरिकी राजनीति तक सीमित नहीं रहा, बल्कि यह वैश्विक लोकतांत्रिक मूल्यों की एकजुट आवाज़ बनकर उभरा।
600,000 से अधिक लोगों ने किया पंजीकरण:
इस विरोध प्रदर्शन के लिए 6 लाख से अधिक लोगों ने पंजीकरण कराया था, जिससे स्पष्ट होता है कि राष्ट्रपति ट्रंप की हालिया नीतियों और फैसलों को लेकर जनता में गहरी नाराजगी है।
राजनीतिक नेताओं की मौजूदगी और भाषण:
वॉशिंगटन डी.सी. में हुए मुख्य कार्यक्रम में डेमोक्रेटिक सांसद जेमी रास्किन और इल्हान ओमार ने उपस्थित भीड़ को संबोधित किया। रास्किन ने ट्रंप की नीतियों की तुलना ऐतिहासिक तानाशाही शासकों से की, जबकि ओमार ने लोकतांत्रिक मूल्यों और समुदाय के कल्याण के लिए लड़ने की अपील की।
आलोचना के मुख्य बिंदु:
लोकतंत्र पर हमला: प्रदर्शनकारियों का मानना है कि ट्रंप और मस्क देश की लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर कर रहे हैं।
अल्पसंख्यकों और गरीबों पर असर: इन नीतियों से प्रवासियों, अल्पसंख्यकों, श्रमिक वर्ग और सामाजिक रूप से कमजोर समूहों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ा है।
संवैधानिक अधिकारों का हनन: आलोचकों के अनुसार, यह "बिलियनेयर सत्ता का हथियाना" है, जो आम जनता के अधिकारों को खतरे में डाल रहा है।
प्रदर्शन में उठाए गए मुद्दे:
ट्रांसजेंडर समुदाय के अधिकार
बंदूक हिंसा और सार्वजनिक स्वास्थ्य संकट
जलवायु परिवर्तन और पर्यावरण संरक्षण की अनदेखी
"हैंड्स ऑफ" आंदोलन इस समय अमेरिका में लोकतंत्र, नागरिक अधिकारों और सामाजिक न्याय को बचाने की एक बड़ी आवाज बन चुका है। यह विरोध केवल एक राजनेता या उद्योगपति के खिलाफ नहीं, बल्कि उस व्यवस्था के खिलाफ है जो आम जनता के अधिकारों को सीमित करने की कोशिश कर रही है। आने वाले दिनों में यह देखना दिलचस्प होगा कि यह आंदोलन अमेरिकी राजनीति में क्या बदलाव लाता है।