Last Updated Apr - 04 - 2025, 03:12 PM | Source : Fela News
बैंकॉक में प्रधानमंत्री मोदी और बांग्लादेश के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस ने द्विपक्षीय सहयोग, व्यापार, और क्षेत्रीय विकास पर महत्वपूर्ण चर्चा की, जिससे भारत-बा
थाईलैंड की राजधानी बैंकॉक में आयोजित बिम्सटेक शिखर सम्मेलन के दौरान, भारत के प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और बांग्लादेश के अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार मोहम्मद यूनुस के बीच एक महत्वपूर्ण बैठक हुई। यह मुलाकात दोनों देशों के बीच हाल ही में उत्पन्न तनावपूर्ण संबंधों के मद्देनजर विशेष महत्व रखती है।
बैठक का संदर्भ और पृष्ठभूमि
पिछले वर्ष अगस्त 2024 में, बांग्लादेश की पूर्व प्रधानमंत्री शेख हसीना को बड़े पैमाने पर हुए छात्र आंदोलनों के कारण देश छोड़कर भारत में शरण लेनी पड़ी थी। इसके परिणामस्वरूप, मोहम्मद यूनुस ने बांग्लादेश की अंतरिम सरकार के मुख्य सलाहकार का पदभार संभाला। शेख हसीना को भारत में शरण देने के कारण, दोनों देशों के बीच संबंधों में तनाव उत्पन्न हुआ, और ढाका ने हसीना की प्रत्यर्पण की मांग की, जिसे नई दिल्ली ने अस्वीकार कर दिया।
बैठक के मुख्य बिंदु
बैंकॉक में हुई इस 40 मिनट की बैठक में, दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों को सुधारने और आपसी सहयोग को बढ़ाने पर चर्चा की। भारत ने बांग्लादेश में हिंदू अल्पसंख्यकों के खिलाफ हो रही कथित हिंसा पर चिंता व्यक्त की, जबकि बांग्लादेश ने इन आरोपों को बढ़ा-चढ़ाकर प्रस्तुत किया गया बताते हुए खारिज किया।
बिम्सटेक शिखर सम्मेलन का महत्व
बिम्सटेक (बंगाल की खाड़ी बहु-क्षेत्रीय तकनीकी और आर्थिक सहयोग उपक्रम) शिखर सम्मेलन में भारत, बांग्लादेश, थाईलैंड, म्यांमार, नेपाल, श्रीलंका और भूटान जैसे देश शामिल हैं। यह मंच क्षेत्रीय सहयोग और विकास के लिए महत्वपूर्ण है, और इस बार के सम्मेलन में आपदा प्रबंधन जैसे मुद्दों पर भी चर्चा हुई, विशेषकर म्यांमार में हाल ही में आए भूकंप के संदर्भ में।
भविष्य की दिशा
विशेषज्ञों का मानना है कि यह बैठक भारत और बांग्लादेश के बीच संबंधों को स्थिर करने की दिशा में एक सकारात्मक कदम हो सकती है। दोनों देशों के बीच सांस्कृतिक और आर्थिक संबंध गहरे हैं, और 1971 में बांग्लादेश की स्वतंत्रता में भारत की महत्वपूर्ण भूमिका रही है।
इस मुलाकात के माध्यम से, दोनों देशों ने संवाद के माध्यम से मतभेदों को सुलझाने और सहयोग को बढ़ाने की इच्छा जाहिर की है, जो क्षेत्रीय स्थिरता और विकास के लिए महत्वपूर्ण है।