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Larsen & Toubro shares: ₹2500 करोड़ का बड़ा ऑर्डर मिला, फिर भी क्यों फिसले शेयर? जानें पूरी वजह

Larsen & Toubro shares: ₹2500 करोड़ का बड़ा ऑर्डर मिला, फिर भी क्यों फिसले शेयर? जानें पूरी वजह

Last Updated Mar - 28 - 2026, 10:44 AM | Source : Fela News

Larsen & Toubro Share: शुक्रवार को Larsen & Toubro के शेयर करीब 3% तक गिर गए, जबकि कंपनी को लगभग 2500 करोड़ रुपये के नए घरेलू ऑर्डर मिलने की जानकारी सामने आई।
₹2500 करोड़ का बड़ा ऑर्डर मिला
₹2500 करोड़ का बड़ा ऑर्डर मिला

Larsen & Toubro Share: शुक्रवार, 27 मार्च को Larsen & Toubro (L&T) के शेयरों में करीब 3 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई, जबकि कंपनी को 2500 करोड़ रुपये तक के बड़े घरेलू ऑर्डर मिले हैं। आमतौर पर बड़े ऑर्डर मिलने से शेयरों में तेजी आती है, लेकिन इस बार बाजार का रुख इसके उलट देखने को मिला।

कंपनी को मिले बड़े प्रोजेक्ट

L&T के ‘Buildings & Factories’ वर्टिकल को देश के अलग-अलग राज्यों में कई बड़े प्रोजेक्ट मिले हैं। गुजरात में कंपनी को एक फ्लोट ग्लास प्लांट के डिजाइन और निर्माण का काम मिला है। वहीं, आंध्र प्रदेश में एक बड़ी टू-व्हीलर कंपनी के लिए आधुनिक मैन्युफैक्चरिंग प्लांट बनाने का कॉन्ट्रैक्ट हासिल हुआ है।

इसके अलावा असम के गुवाहाटी में कंपनी को 1000 से 2500 करोड़ रुपये के बीच का वॉटर मैनेजमेंट प्रोजेक्ट भी मिला है। ये सभी प्रोजेक्ट्स कंपनी के ऑर्डर बुक को मजबूत करने वाले माने जा रहे हैं।

फिर भी क्यों गिरे शेयर?

एक्सपर्ट्स के मुताबिक, शेयरों में गिरावट की सबसे बड़ी वजह वैश्विक हालात हैं। पश्चिम एशिया में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। खासतौर पर Iran, Israel और United States के बीच तनाव का असर सीधे बाजार के सेंटीमेंट पर पड़ा है।

L&T के कारोबार का एक बड़ा हिस्सा मिडिल ईस्ट से आता है। कंपनी की कुल ऑर्डर बुक का करीब 25 प्रतिशत हिस्सा इसी क्षेत्र से जुड़ा है, जबकि इंटरनेशनल बिजनेस का लगभग 75 प्रतिशत भी मिडिल ईस्ट पर निर्भर करता है। ऐसे में इस क्षेत्र में किसी भी तरह का तनाव या युद्ध जैसी स्थिति कंपनी के प्रोजेक्ट्स और मुनाफे पर असर डाल सकती है।

बढ़ती लागत भी चिंता की वजह

ईरान से जुड़े तनाव के कारण कच्चे तेल की कीमतों में तेजी आई है। इससे इंफ्रास्ट्रक्चर कंपनियों की लागत बढ़ने की आशंका है। निवेशकों को डर है कि बढ़ती इनपुट कॉस्ट से कंपनियों के मार्जिन पर दबाव पड़ेगा, जिसका असर शेयर कीमतों पर दिख सकता है।

पूरे बाजार पर पड़ा असर

विशेषज्ञों का कहना है कि यह गिरावट सिर्फ L&T तक सीमित नहीं रही। वैश्विक अनिश्चितता और कमजोर निवेशक भावना के चलते पूरे भारतीय शेयर बाजार में बिकवाली का माहौल देखने को मिला।

कुल मिलाकर, मजबूत ऑर्डर मिलने के बावजूद वैश्विक हालात और निवेशकों की चिंता ने L&T के शेयरों पर दबाव बना दिया।

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