Last Updated Feb - 16 - 2026, 04:27 PM | Source : Fela News
प्रधानमंत्री ने परीक्षा पे चर्चा कार्यक्रम में छात्रों से संवाद किया। तनाव से बचने, मन केंद्रित रखने और लक्ष्य तय कर पढ़ाई करने की सलाह दी।
नरेंद्र मोदी ने परीक्षा पे चर्चा 2026 कार्यक्रम में छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों से संवाद करते हुए परीक्षा को लेकर कई महत्वपूर्ण सुझाव दिए। रिपोर्ट के अनुसार उन्होंने छात्रों से कहा कि पढ़ाई को बोझ नहीं बल्कि सीखने की प्रक्रिया के रूप में देखना चाहिए और मानसिक दबाव से बचना जरूरी है।
प्रधानमंत्री ने छात्रों को सलाह देते हुए कहा कि मन को पहले नियंत्रित करना जरूरी है। उनका कहना था कि जब मन भटकता है तो पढ़ाई पर ध्यान केंद्रित करना मुश्किल हो जाता है, इसलिए मन को “जोतना और जोड़ना” सीखना चाहिए। उन्होंने बताया कि एक बार मन स्थिर हो जाए तो पढ़ाई पर ध्यान स्वतः केंद्रित हो जाता है।
बताया जा रहा है कि कार्यक्रम के दौरान छात्रों ने परीक्षा तनाव, समय प्रबंधन और डिजिटल डिस्ट्रैक्शन से जुड़े सवाल भी पूछे। इस पर प्रधानमंत्री ने कहा कि तुलना करने की आदत से बचना चाहिए और अपनी क्षमता के अनुसार लक्ष्य तय करना चाहिए। उन्होंने अभिभावकों को भी सलाह दी कि बच्चों पर अनावश्यक दबाव न बनाएं और उनकी रुचि को समझने की कोशिश करें।
सूत्रों के मुताबिक उन्होंने यह भी कहा कि परीक्षा जीवन का अंतिम लक्ष्य नहीं होती, बल्कि यह केवल एक पड़ाव है। छात्रों को अपनी ताकत पहचाननी चाहिए और सकारात्मक सोच बनाए रखनी चाहिए। इस बीच उन्होंने समय प्रबंधन को सफलता की कुंजी बताते हुए नियमित दिनचर्या बनाने की बात कही।
वहीं दूसरी ओर प्रधानमंत्री ने तकनीक के उपयोग पर भी संतुलन बनाए रखने की सलाह दी। उनका कहना था कि डिजिटल साधन उपयोगी हैं, लेकिन उनका अति प्रयोग ध्यान भटका सकता है। इसलिए छात्रों को अपने समय का सही उपयोग करना सीखना चाहिए।
रिपोर्ट के अनुसार कार्यक्रम में देशभर से बड़ी संख्या में छात्रों ने भाग लिया और प्रधानमंत्री ने कई सवालों के जवाब देते हुए प्रेरणादायक उदाहरण भी साझा किए। उन्होंने छात्रों को आत्मविश्वास बनाए रखने और मेहनत के साथ आगे बढ़ने का संदेश दिया।
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