Header Image

मिलावटी भुने चने से बढ़ सकता है कैंसर का खतरा — रहें सतर्क

मिलावटी भुने चने से बढ़ सकता है कैंसर का खतरा — रहें सतर्क

Last Updated Nov - 29 - 2025, 02:43 PM | Source : Fela News

दिल्ली के कई बाजारों में बिक रहे भुने चनों में *ओरामीन-O* नामक खतरनाक इंडस्ट्रियल डाई की मिलावट पाई गई है। यह वही रसायन है जिसका उपयोग कपड़ों और लेदर को रंगने म
मिलावटी भुने चने से बढ़ सकता है कैंसर का खतरा — रहें सतर्क
मिलावटी भुने चने से बढ़ सकता है कैंसर का खतरा — रहें सतर्क

सर्दियों में लोग अक्सर भुने चने खाना पसंद करते हैं, लेकिन हालिया जांच ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है. दिल्ली के कई बाजारों से लिए गए भुने चनों के नमूनों में औरामाइन-O नामक खतरनाक इंडस्ट्रियल डाई की मिलावट की पुष्टि हुई है. यह वही रसायन है जिसका इस्तेमाल कपड़ों और लेदर को रंगने में किया जाता है. खाने में इसका उपयोग स्वास्थ्य के लिए बेहद नुकसानदायक हो सकता है.

लाजपत नगर समेत कई व्यस्त मार्केट्स से लिए गए नमूनों की जांच में 40% नमूनों में मिलावट पाई गई. इसके बाद FSSAI और खाद्य सुरक्षा विभाग ने बड़ी कार्रवाई शुरू करते हुए अब तक 15 एफआईआर दर्ज की हैं और लगभग 50 विक्रेताओं के लाइसेंस निलंबित कर दिए गए हैं. कई दुकानदारों पर भारी जुर्माने भी लगाए गए हैं.

क्या है ‘औरामाइन-O’ और यह कितना खतरनाक?

एक्सपर्ट्स के मुताबिक औरामाइन-O एक सिंथेटिक पीला रंग है जिसे खाद्य पदार्थों में इस्तेमाल करने की अनुमति नहीं है. WHO की इंटरनेशनल एजेंसी फॉर कैंसर रिसर्च इसे संभावित कैंसरजनक पदार्थ (Possible Carcinogen) की श्रेणी में रखती है.

यह शरीर में पहुंचकर—

किडनी

लिवर

ब्लैडर

को गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है. लंबे समय तक इसका सेवन नर्वस सिस्टम पर भी असर डालता है, जिससे चक्कर, सिरदर्द, थकान और उल्टी जैसे लक्षण दिख सकते हैं. बच्चों, गर्भवती महिलाओं और बुजुर्गों के लिए यह जोखिम और भी ज्यादा है.

कैसे पहचानें मिलावटी चने?

विशेषज्ञों के मुताबिक मिलावटी चनों की पहचान घर पर ही आसानी से की जा सकती है—

चनों को पानी में 5–10 मिनट भिगोकर देखें

→ अगर पानी पीला हो जाए, तो चनों में रंग मिला हुआ है.

असली चने धीरे-धीरे नीचे बैठते हैं, जबकि मिलावटी चने तेजी से नीचे जाते हैं और रंग छोड़ते हैं.

कैसे करें बचाव?

बहुत ज्यादा चमकदार, अत्यधिक पीले या असामान्य रूप से कुरकुरे चने न खरीदें.

पहले पानी में भिगोकर रंग की जांच अवश्य करें.

ब्रांडेड और सीलबंद पैकेट वाले उत्पाद को प्राथमिकता दें.

किसी भी तरह का केमिकल स्वाद या रंग दिखे तो तुरंत सेवन बंद कर दें.

Share :

Trending this week

20-40 की उम्र में थकान और झनझनाहट?

Jun - 01 - 2026

Early Symptoms Of Multiple Sclerosis In Young Adults: अक्सर लोग हाथ-पैरों में झनझनाहट, बा... Read More

मास्टरशेफ विनर पंकज भदौरिया को ब्रेस्ट कैंसर

Jun - 01 - 2026

MasterChef Winner Pankaj Bhadouria Breast Cancer: मास्टरशेफ इंडिया सीजन 1 की विजेता और ... Read More

मोबाइल की लत बना रही दिमाग कमजोर

May - 29 - 2026

How Screen Time Affects Brain Health: आज की डिजिटल जिंदगी में इंसान का दिमाग शा... Read More