Last Updated Aug - 28 - 2025, 03:17 PM | Source : Fela News
भारतीय वायुसेना आसमान में सुरक्षा कवच तैयार कर रही है। रडार और मिसाइलों से कई लेयर का नेटवर्क बनाया जा रहा है, जो दुश्मन के किसी भी हवाई खतरे को रोक सकेगा।
भारतीय वायुसेना देश की हवाई सीमाओं को और मजबूत करने के लिए एक खास "आसमानी सुरक्षा कवच" तैयार कर रही है। इसमें रडार, मिसाइलों और हाई-टेक निगरानी सिस्टम का ऐसा नेटवर्क होगा जो किसी भी दुश्मन की घुसपैठ या मिसाइल हमले को तुरंत पहचानकर जवाब देने में सक्षम होगा।
इस कवच की सबसे खास बात यह है कि इसे कई लेयर में तैयार किया जा रहा है। यानी अगर दुश्मन की मिसाइल या ड्रोन पहले सुरक्षा घेरों से निकल भी जाए, तो अगले लेयर में उसे रोका जा सकेगा। इसमें अलग-अलग दूरी तक मार करने वाली मिसाइलें और एडवांस रडार शामिल होंगे, जो चौबीसों घंटे आसमान पर नजर रखेंगे।
रक्षा विशेषज्ञों का मानना है कि इस मल्टी-लेयर्ड शील्ड के तैयार होने के बाद भारत की हवाई सुरक्षा दुनिया की सबसे मजबूत प्रणालियों में गिनी जाएगी। यह कदम न केवल सीमाओं पर बल्कि बड़े शहरों और रणनीतिक ठिकानों को भी सुरक्षा प्रदान करेगा।