Last Updated Oct - 10 - 2025, 05:07 PM | Source : Fela News
पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि यह “SIR” नहीं बल्कि “पिछले दरवाजे से NRC” लागू करने
कोलकाता में हुई एक जनसभा में मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने केंद्र सरकार और चुनाव आयोग पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने हाल ही में शुरू की गई “SIR” प्रक्रिया को लेकर बड़ा आरोप लगाते हुए कहा कि यह असल में नागरिकता की जांच के नाम पर NRC को वापस लाने की कोशिश है। ममता ने चेतावनी दी कि बंगाल के लोग ऐसी किसी भी साजिश को कामयाब नहीं होने देंगे।
ममता बनर्जी ने कहा, “यह SIR नहीं, बल्कि NRC को पिछले दरवाजे से लागू करने का नया तरीका है। पहले नागरिकता पर सवाल उठाया गया था, अब पहचान और दस्तावेजों के नाम पर लोगों को डराया जा रहा है।” उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार चुनाव आयोग का इस्तेमाल कर राजनीतिक फायदा उठाने की कोशिश कर रही है।
मुख्यमंत्री ने यह भी कहा कि SIR (Systematic Identification Register) जैसी योजनाएं लोकतंत्र और संविधान के खिलाफ हैं। उन्होंने दावा किया कि इसके जरिए गरीबों, अल्पसंख्यकों और प्रवासियों को टारगेट किया जा रहा है ताकि उन्हें मतदान प्रक्रिया से बाहर किया जा सके।
इस बयान के बाद राजनीतिक हलकों में हड़कंप मच गया है। बीजेपी ने पलटवार करते हुए कहा कि ममता बनर्जी सिर्फ राजनीतिक डर पैदा कर रही हैं और लोगों को गुमराह कर रही हैं। वहीं, तृणमूल कांग्रेस के नेताओं का कहना है कि ममता लोगों की आवाज़ उठा रही हैं, क्योंकि ऐसी योजनाएं सामाजिक अस्थिरता फैला सकती हैं।
एक बार फिर ममता बनर्जी और केंद्र के बीच टकराव बढ़ता दिख रहा है। अब देखना यह है कि SIR योजना को लेकर यह राजनीतिक लड़ाई किस दिशा में जाती है , क्या यह नागरिकता के बहाने राजनीति का नया मोर्चा बनेगी या सिर्फ बयानबाज़ी तक सीमित रहेगी।