Last Updated Apr - 04 - 2025, 11:34 AM | Source : Fela News
Waqf Amendment Bill 2025 : राज्यसभा में गुरुवार (3 अप्रैल) को लंबी चर्चा के बाद वक्फ संशोधन विधेयक, 2025 को 128 वोटों के समर्थन और 95 विरोधी वोटों के साथ पास कर
राज्यसभा ने गुरुवार (3 अप्रैल) को वक्फ संशोधन विधेयक, 2025 को पारदर्शिता बढ़ाने और वक्फ संपत्तियों के बेहतर प्रबंधन के लिए 128-95 वोटों से मंजूरी दे दी। सरकार का दावा है कि इससे गरीब और पिछड़े मुसलमानों, खासकर महिलाओं की स्थिति में सुधार होगा।
क्या बदलेगा इस बिल से?
1.वक्फ संपत्तियों की निगरानी – मुतवल्ली (प्रबंधक) और प्रशासन की सख्त निगरानी होगी।
2.चैरिटी कमिश्नर की भूमिका – वह केवल वक्फ संपत्तियों के सही प्रबंधन पर नजर रखेगा, धार्मिक मामलों में दखल नहीं देगा।
3.विवाद समाधान – वक्फ न्यायाधिकरण को मजबूत किया जाएगा, और फैसलों को दीवानी अदालत में चुनौती दी जा सकेगी।
4.ASI स्मारकों पर रोक – अब भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) की संपत्तियों को वक्फ घोषित नहीं किया जा सकेगा।
5.महिला अधिकारों की सुरक्षा – कोई भी व्यक्ति विधवा, तलाकशुदा महिलाओं या अनाथ बच्चों की संपत्ति को वक्फ नहीं कर सकेगा।
6.केंद्रीय वक्फ पोर्टल – पारदर्शी और डिजिटल प्रबंधन के लिए एक पोर्टल बनाया जाएगा।
वक्फ बोर्ड और परिषद में कौन रहेगा?
> केंद्रीय वक्फ परिषद – 22 सदस्य, जिनमें 10 मुस्लिम, 3 सांसद, 2 पूर्व जज और 2 महिलाएं शामिल होंगी।
> राज्य वक्फ बोर्ड – 11 सदस्य, जिनमें 4 मुस्लिम, 2 महिलाएं, 1 सांसद, 1 विधायक और अन्य विशेषज्ञ शामिल होंगे।
नया नाम – 'उम्मीद' कानून
> इस कानून का आधिकारिक नाम "यूनिफाइड वक्फ मैनेजमेंट एम्पॉवरमेंट, एफिशियंसी एंड डवलपमेंट" (UMMEED) होगा।
सरकार का कहना है कि यह कानून वक्फ संपत्तियों के पारदर्शी प्रबंधन और गरीब मुस्लिम समुदाय के उत्थान में मदद करेगा।