Last Updated Aug - 02 - 2025, 12:30 PM | Source : Fela News
पूर्व एटीएस अधिकारी मेहबूब मुजावर ने सनसनीखेज दावा किया है कि मालेगांव ब्लास्ट जांच के दौरान उन पर RSS प्रमुख मोहन भागवत को फंसाने का दबाव डाला गया था।
महाराष्ट्र ATS के पूर्व अधिकारी मेहबूब मुजावर ने एक चौंकाने वाला खुलासा करते हुए दावा किया है कि मालेगांव ब्लास्ट की जांच के दौरान उन्हें राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (RSS) प्रमुख मोहन भागवत को गिरफ्तार करने का निर्देश दिया गया था। उन्होंने इस आदेश को “भयानक” और “गोपनीय” बताते हुए मानने से इनकार कर दिया था।
मुजावर ने आरोप लगाया कि यह पूरी जांच राजनीतिक मंशा से प्रभावित थी और उनसे एक झूठा केस गढ़ने को कहा गया था। जब उन्होंने ऐसा करने से मना किया, तो कथित रूप से उनके 40 साल के करियर को बर्बाद करने की साज़िश रची गई। बदले की भावना से उनके खिलाफ फर्जी केस भी दर्ज कर दिया गया।
इस खुलासे ने मालेगांव ब्लास्ट और उससे जुड़ी जांच की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। साथ ही, यह मामला उच्च-स्तरीय राजनीतिक हस्तक्षेप और जांच एजेंसियों पर दबाव जैसे मुद्दों को फिर से चर्चा के केंद्र में ला रहा है। मुजावर के इन दावों को लेकर अब राजनीतिक हलकों में भी हलचल तेज हो गई है