Last Updated Aug - 28 - 2025, 02:58 PM | Source : Fela News
गाज़ा में संयुक्त राष्ट्र ने ‘मानव-निर्मित अकाल’ की पुष्टि की है। लगातार हिंसा, नाकेबंदी और खाद्य संकट से हालात बेहद गंभीर हो चुके हैं। लाखों लोगों की ज़िंदगी ख
संयुक्त राष्ट्र समर्थित इंटीग्रेटेड फूड सिक्योरिटी फेज़ क्लासिफिकेशन (IPC) ने पिछले हफ्ते पुष्टि की है कि गाज़ा के सबसे बड़े शहर और आसपास के क्षेत्रों में पूरी तरह ‘मानव-निर्मित अकाल’ unfolding हो रहा है। यह पश्चिम एशिया में पहली बार आधिकारिक रूप से घोषित अकाल है। अनुमान के मुताबिक मई से अब तक खाद्य केंद्रों पर 1,300 से अधिक फिलिस्तीनी मारे जा चुके हैं।
इसी बीच गाज़ा पत्रकारों के लिए भी सबसे घातक जगहों में से एक बन गया है। अक्टूबर 2023 से अब तक 200 से अधिक पत्रकार मारे जा चुके हैं, जिनमें ताज़ा मामला 25 अगस्त को सामने आया।
दूसरी ओर, तेल अवीव में भी हालात उग्र हैं। वहां लोग सड़कों पर उतरकर हमास के कब्जे में बंधक बनाए गए नागरिकों की रिहाई और युद्ध के अंत की मांग कर रहे हैं। गाज़ा की तबाही और तेल अवीव के इन विरोध प्रदर्शनों ने मिलकर संघर्ष की त्रासदी और मानवीय संकट की गहराई को और उजागर कर दिया है।