Fela News Lifestyle Header Banner

दुनिया का सबसे जलसमृद्ध देश, जानिए आखिर कौन सा है

दुनिया का सबसे जलसमृद्ध देश, जानिए आखिर कौन सा है

Last Updated Feb - 13 - 2026, 10:52 AM | Source : Fela News

दुनिया का सबसे बड़ा देश रूस न केवल क्षेत्रफल में विशाल है, बल्कि जल संसाधनों में भी बेहद समृद्ध है। यहां 1 लाख से अधिक नदियां और 20 लाख झीलें मौजूद हैं।
दुनिया का सबसे जलसमृद्ध देश
दुनिया का सबसे जलसमृद्ध देश

जब भी दुनिया की बड़ी सभ्यताओं की बात होती है, तो नदियों का जिक्र जरूर आता है। सिंधु घाटी, नील और मेसोपोटामिया – इन सभी सभ्यताओं का विकास जल स्रोतों के आसपास हुआ। लेकिन क्या आप जानते हैं कि दुनिया में एक ऐसा देश भी है, जहां एक लाख से ज्यादा नदियां और करीब 20 लाख झीलें मौजूद हैं? यही नहीं, यहां स्थित एक झील में पृथ्वी के कुल सतही मीठे पानी का लगभग 20 प्रतिशत हिस्सा सुरक्षित है। 

यह देश क्षेत्रफल के लिहाज से दुनिया का सबसे बड़ा देश है और करीब 1 करोड़ 70 लाख वर्ग किलोमीटर में फैला हुआ है। इसकी विशालता का अंदाजा इस बात से लगाया जा सकता है कि यह 11 अलग-अलग टाइम ज़ोन में फैला है। एशिया और यूरोप- दोनों महाद्वीपों में फैला होने के कारण इसे ट्रांस-कॉन्टिनेंटल देश भी कहा जाता है। 

यहां बहने वाली प्रमुख नदियों में वोल्गा, ओब, येनिसेई और लेना जैसी विशाल नदियां शामिल हैं। ये नदियां साइबेरिया की बर्फीली भूमि से निकलकर आर्कटिक महासागर और प्रशांत महासागर तक जाती हैं। इतनी बड़ी संख्या में जलधाराएं होने के कारण यह देश जल संसाधनों के मामले में बेहद समृद्ध माना जाता है। यही वजह है कि इसे "एक लाख नदियों का देश" भी कहा जाता है। 

इस देश की सबसे खास पहचान उसकी झीलें हैं। यहां करीब 20 लाख झीलें पाई जाती हैं, जो इसे झीलों का भी देश बनाती हैं। इनमें सबसे प्रसिद्ध झील बैकाल है, जिसे दुनिया की सबसे गहरी और ताजे पानी की सबसे बड़ी झील माना जाता है। वैज्ञानिकों के अनुसार, इस झील में पृथ्वी के सतही मीठे जल का लगभग पांचवां हिस्सा संग्रहित है। इसकी गहराई और जैव विविधता इसे विश्व धरोहर का दर्जा दिलाती है। 

इन नदियों और झीलों का महत्व सिर्फ प्राकृतिक सुंदरता तक सीमित नहीं है। ये देश की अर्थव्यवस्था, परिवहन, मत्स्य पालन और ऊर्जा उत्पादन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं। कई नदियों पर बने जलविद्युत परियोजनाएं ऊर्जा का बड़ा स्रोत हैं। वहीं, झीलें और नदी तंत्र जलवायु संतुलन बनाए रखने में मदद करते हैं। 

सर्दियों में जब तापमान बेहद नीचे चला जाता है, तो साइबेरिया क्षेत्र की झीलें और नदियां मोटी बर्फ की चादर में बदल जाती हैं। गर्मियों में यही क्षेत्र हरियाली और पर्यटन का केंद्र बन जाता है। प्राकृतिक संसाधनों की यह विविधता इस देश को भौगोलिक और सामरिक दृष्टि से भी महत्वपूर्ण बनाती है। 

स्पष्ट है कि जब बात जल संपदा की हो, तो यह देश दुनिया में सबसे आगे खड़ा दिखाई देता है। नदियों और झीलों का यह अद्भुत जाल इसे सचमुच "जल का महासाम्राज्य" बना देता है, जहां प्रकृति ने भरपूर उदारता दिखाई है और जिसने इसे वैश्विक स्तर पर विशिष्ट पहचान दिलाई है। 

यह भी पढ़े 

ब्रिक्स में कॉमन करेंसी नहीं, डॉलर पर साफ रुख स्पष्ट

Share :

Trending this week

भारतीय जहाज पर ईरानी ड्रोन हमला?

Jun - 13 - 2026

होर्मुज स्ट्रेट के पास भारतीय जहाज पर कथित हमले को लेकर ... Read More

होर्मुज बंद तो भारत पर महाझटका!

Jun - 11 - 2026

पश्चिमी एशिया में बढ़ते तनाव और अमेरिका-ईरान टकराव के ब... Read More

मिसाइल हमले पर ट्रंप भड़के, नेतन्याहू को फोन चेतावनी

Jun - 08 - 2026

ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्र... Read More