Last Updated May - 19 - 2025, 03:28 PM | Source : Fela News
एक रिसर्च में पता चला है कि बड़े लोगों को होने वाले पिंपल्स की सबसे बड़ी वजह हार्मोन में बदलाव है। खासकर महिलाओं में यही पिंपल्स का मुख्य कारण होता है।
अब मुंहासे सिर्फ टीनएज की समस्या नहीं रहे। रिसर्च बताती हैं कि 30 साल के बाद भी कई लोग पिंपल्स से परेशान हैं। भारत और अमेरिका दोनों जगह बड़ी संख्या में वयस्क इस समस्या का सामना कर रहे हैं।
क्यों होते हैं वयस्कों को मुंहासे?
हार्मोनल बदलाव – खासकर महिलाओं में पीरियड्स, प्रेग्नेंसी और मेनोपॉज के दौरान हार्मोन में उतार-चढ़ाव होता है, जिससे स्किन में ऑयल ज्यादा बनता है और पिंपल्स हो जाते हैं। पुरुषों को भी कुछ दवाओं या हार्मोन थेरेपी की वजह से पिंपल्स हो सकते हैं।
तनाव (Stress) – 30 की उम्र में करियर, परिवार और पैसों की जिम्मेदारियों से स्ट्रेस बढ़ता है। इससे शरीर में एक हार्मोन (कॉर्टिसोल) बढ़ता है, जो स्किन की सूजन और ऑयल बनना बढ़ा देता है।
परिवार का असर – अगर माता-पिता को पिंपल्स की परेशानी रही है, तो बच्चों में यह समस्या लगभग 3 गुना ज्यादा हो सकती है।
खानपान और कॉस्मेटिक – दूध, पनीर, चीनी, पेस्ट्री जैसी चीजें और कुछ मेकअप प्रोडक्ट्स भी मुंहासे बढ़ा सकते हैं।
कैसे रोकें पिंपल्स?
दिन में दो बार हल्के फेस वॉश और गुनगुने पानी से चेहरा धोएं।
सैलिसिलिक एसिड, बेंजॉयल पेरोक्साइड या एडापेलीन वाले स्किन प्रोडक्ट्स इस्तेमाल करें। ये स्किन के छिद्रों को साफ रखते हैं और सूजन घटाते हैं।
संक्षेप में, हार्मोन, तनाव, खानपान और स्किन केयर की आदतें 30 की उम्र के बाद भी मुंहासों की वजह बन सकती हैं। सही देखभाल और सलाह से इसे कंट्रोल किया जा सकता है।