Last Updated Feb - 12 - 2026, 03:27 PM | Source : Fela News
फिनलैंड के तट पर बसा यह निजी आइलैंड सिर्फ महिलाओं के लिए है। यहां पुरुषों की एंट्री प्रतिबंधित है, ताकि महिलाएं बिना दबाव के सुकून और आत्म- देखभाल का अनुभव कर स
समुद्र की शांत लहरों के बीच, घने पेड़ों से घिरा एक छोटा-सा द्वीप - जहां सन्नाटा भी सुकून देता है और प्रकृति की आवाजें मन को ठहराव देती हैं। लेकिन इस खूबसूरत जगह की सबसे बड़ी खासियत इसका नियम है: यहां पुरुषों का प्रवेश पूरी तरह प्रतिबंधित है। सुनने में यह अजीब लग सकता है, लेकिन इसके पीछे की सोच किसी भेदभाव से नहीं, बल्कि मानसिक शांति और आत्म- देखभाल की जरूरत से जुड़ी है।
यह अनोखा द्वीप फिनलैंड के दक्षिणी तट पर बाल्टिक सागर में स्थित है। इसका नाम है 'सुपरशी आइलैंड' (SuperShe Island) । लगभग 8.4 एकड़ में फैला यह निजी द्वीप किसी रहस्यमयी स्थान की तरह नहीं, बल्कि एक खास वेलनेस रिट्रीट के रूप में जाना जाता है। इसे खास तौर पर महिलाओं के लिए तैयार किया गया है।
इस आइलैंड की स्थापना टेक इंडस्ट्री की पूर्व सीईओ क्रिस्टिना रोथ ने की थी। उनका मानना था कि कई महिलाएं छुट्टियों पर भी पूरी तरह सहज महसूस नहीं कर पातीं। अक्सर वे अपने पहनावे, लुक या सामाजिक अपेक्षाओं को लेकर सजग रहती हैं। ऐसे में उन्होंने एक ऐसी जगह की कल्पना की, जहां महिलाएं बिना किसी दबाव के, पूरी स्वतंत्रता के साथ खुद पर ध्यान दे सकें।
यहां योग, मेडिटेशन, हेल्थ वर्कशॉप और नेचर एक्टिविटी जैसी सुविधाएं दी जाती हैं। दिन की शुरुआत समुद्र किनारे योग से होती है, फिर पौष्टिक भोजन और मानसिक स्वास्थ्य से जुड़े सत्र आयोजित किए जाते हैं। इस पूरे अनुभव का मकसद है— महिलाओं को अपने शरीर और मन से दोबारा जुड़ने का अवसर देना ।
दिलचस्प बात यह है कि यह कोई बड़ा लक्जरी रिसॉर्ट नहीं है। यहां एक बार में लगभग आठ महिलाएं ही ठहर सकती हैं। सीमित संख्या का उद्देश्य है व्यक्तिगत ध्यान और शांत वातावरण बनाए रखना। यहां आने वाली महिलाएं दुनिया के अलग-अलग देशों से आती हैं, लेकिन उनसे अपेक्षा की जाती है कि वे अपनी पहचान या पद से ज्यादा अपने स्वास्थ्य और आत्म-चिंतन पर ध्यान दें।
पुरुषों के प्रवेश पर रोक को लेकर कई बार सवाल उठे, लेकिन यह कोई सरकारी आदेश नहीं है। चूंकि यह निजी संपत्ति है, इसलिए इसके नियम तय करने का अधिकार मालिक के पास है। दुनिया के कई हिस्सों में महिला-विशेष क्लब या स्पेस पहले से मौजूद हैं, और सुपरशी आइलैंड भी उसी विचार का विस्तार है।
असल में यह आइलैंड किसी के खिलाफ नहीं, बल्कि किसी के लिए बनाया गया है। यह दिखाता है कि तेज रफ्तार जिंदगी में कभी-कभी सबसे बड़ी जरूरत सिर्फ सुकून की होती है। और जब महिलाएं बिना किसी सामाजिक दबाव के खुद के लिए समय निकाल पाती हैं, तो वह अनुभव उनके जीवन में सकारात्मक बदलाव ला सकता है।
समुद्र के बीच बसा यह द्वीप इसलिए खास है, क्योंकि यह हमें याद दिलाता है— शांति भी एक विलासिता है, और आत्म- देखभाल कोई स्वार्थ नहीं, बल्कि जरूरत है।
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