Last Updated Feb - 27 - 2026, 04:27 PM | Source : Fela News
भारत ने टी20 वर्ल्ड कप 2026 के सुपर-8 मुकाबले में ज़िम्बाब्वे को 72 रन से हराया, लेकिन कुछ प्रदर्शन ने आलोचना और चेतावनियाँ भी खड़ी कर दीं।
चेन्नई में खेले गए मैच में भारतीय बल्लेबाज़ों ने जबरदस्त प्रदर्शन करते हुए 256/4 का बड़ा स्कोर बनाया, जिसमें अभिषेक शर्मा और हार्दिक पांड्या की अर्धशतकों ने टीम को ऊँचा कुल दिया। गेंदबाज़ी में भी अर्शदीप सिंह ने शानदार 3/24 लेकर ज़िम्बाब्वे को दबाया।
फिर भी मैच के बाद पूर्व इंग्लैंड कप्तान Michael Vaughan ने भारतीय टीम के बल्लेबाज़/ऑल-राउंडर शिवम दुबे की गेंदबाज़ी को लेकर कड़ी आलोचना की। उन्होंने कहा कि दुबे द्वारा दो ओवर में 46 रन खर्च करना और कुछ तकनीकी गलतियाँ इंगित करती हैं कि यदि वह भविष्य में फिर गेंदबाज़ी करें तो यह भारत के लिए समस्या खड़ी कर सकता है। Vaughan ने यह भी कहा कि यदि मैच वास्तव में रोमांचक स्थिति में होता, तो कप्तान उन्हें गेंदबाज़ी नहीं करवाते।
विशेष रूप से Vaughan ने यह टिप्पणी भी की कि दुबे ने गेंदबाज़ी करते समय लाइन-लेंथ को पर्याप्त नियंत्रण में नहीं रखा और गति तथा रणनीति के अभाव में रन खर्च हो रहे हैं। उन्होंने संकेत दिया कि भविष्य में दुबे को गेंदबाज़ी नहीं दी जानी चाहिए जब तक कि वह अपनी तकनीक में सुधार नहीं करते।
हालाँकि भारतीय टीम ने मैच को आसानी से अपने नाम कर लिया और सेमीफाइनल की उम्मीद को बरकरार रखा, लेकिन आलोचना ने टीम चयन और सामरिक निर्णयों पर बहस तेज कर दी है। आलोचक सोच रहे हैं कि प्ले-ऑफ़ दौर में अधिक दबाव व फ़ुर्तीले प्रतिद्वंदियों के खिलाफ, भारतीय टीम को अधिक विश्वसनीय गेंदबाज़ी विकल्प और सामरिक सटीकता की ज़रूरत होगी।
Vaughan के बयान से स्पष्ट है कि जीत के बावजूद टीम की गेंदबाज़ी इकाई में संतुलन और भरोसेमंद विकल्पों पर चर्चा जारी रहेगी। यह मुद्दा विशेष रूप से उन मैचों में महत्वपूर्ण माना जाता है जहाँ लक्ष्य का पीछा या बड़ा रन-रोक लक्ष्य हासिल करना कठिन होता है।
अब भारत को अपने अगले सुपर-8 मैच में वेस्ट इंडीज़ के खिलाफ खेले जाने वाले “वर्चुअल क्वार्टरफ़ाइनल” की तैयारी करनी है, जहाँ मजबूत बल्लेबाज़ी के साथ-साथ अधिक संतुलित और प्रभावी गेंदबाज़ी की भी आवश्यकता होगी।
इसलिए, जबकि टीम ने ज़िम्बाब्वे को हराया, विश्लेषकों की चेतावनी यह संकेत देती है कि आगामी कठिन मुकाबलों में केवल बल्लेबाज़ी पर निर्भर नहीं रहा जा सकता है और गेंदबाज़ी विभाग में भी मजबूती जरूरी है।
यह भी पढ़े