Last Updated Oct - 13 - 2025, 05:31 PM | Source : Fela News
पाकिस्तान में तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) के समर्थकों और सुरक्षाबलों के बीच हुई झड़पों ने हालात बिगाड़ दिए हैं। ताजा हिंसा में कम से कम 10 लोगों की मौत हुई ह
पाकिस्तान एक बार फिर धार्मिक उग्रता और राजनीतिक अस्थिरता के बीच झूल रहा है। पंजाब प्रांत में तहरीक-ए-लब्बैक पाकिस्तान (TLP) के प्रदर्शनकारियों और सेना के जवानों के बीच हुई झड़प में 10 से ज्यादा लोगों की मौत हो गई है। इस हिंसा में कई पुलिसकर्मी और सुरक्षाकर्मी गंभीर रूप से घायल हुए हैं।
घटना की शुरुआत तब हुई जब TLP कार्यकर्ता सरकार के खिलाफ बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन कर रहे थे। रिपोर्ट्स के मुताबिक, प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर पथराव किया और जवाब में सुरक्षाबलों ने लाठीचार्ज और फायरिंग की। देखते ही देखते हालात बेकाबू हो गए और भीड़ हिंसक हो उठी।
सरकार ने दावा किया कि प्रदर्शनकारियों ने सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुंचाया और कई वाहनों में आग लगा दी। वहीं, TLP नेताओं ने आरोप लगाया कि सेना ने उनके शांतिपूर्ण आंदोलन पर गोलियां चलाईं। सोशल मीडिया पर भीषण झड़पों के वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें लोगों को भागते और घायल होते देखा जा सकता है।
इस घटना के बाद कई इलाकों में इंटरनेट सेवाएं बंद कर दी गई हैं और प्रशासन ने सेना को तैनात कर दिया है। हालात पर नियंत्रण पाने के लिए कर्फ्यू जैसे प्रतिबंध लगाए गए हैं।
TLP पाकिस्तान की एक कट्टर धार्मिक पार्टी है जो पैगंबर मोहम्मद के सम्मान से जुड़े मुद्दों पर अक्सर उग्र प्रदर्शन करती रही है। इससे पहले भी पार्टी के समर्थकों ने इस्लामाबाद और लाहौर में हिंसक प्रदर्शन किए थे, जिनमें कई लोगों की जान गई थी।
पाकिस्तान सरकार ने स्थिति को नियंत्रण में बताने की कोशिश की है, लेकिन जमीन पर तनाव अब भी बना हुआ है। विशेषज्ञों का मानना है कि यह हिंसा देश की पहले से कमजोर राजनीतिक स्थिति को और अस्थिर कर सकती है।